पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • ट्राईसिटी का पहला प्लैनेटोरियम दीक्षांत में, 1.20 लाख सितारे दिखेंगे एक साथ

ट्राईसिटी का पहला प्लैनेटोरियम दीक्षांत में, 1.20 लाख सितारे दिखेंगे एक साथ

5 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
अगरआप स्पेस साइंस में इंटरेस्ट रखते हैं और चांद, सितारे यानी गैलेक्सी के बारे में ज्यादा जानना चाहते हैं तो अब ट्राईसिटी में प्लैनेटोरियम की शुरुआत हो गई है। दीक्षांत इंटरनेशनल स्कूल जीरकपुर में ट्राईसिटी का पहला प्लैनेटोरियम वीरवार को खुला। इस प्लैनेटोरियम में सिर्फ स्टूडेंट्स ही नहीं बल्कि आम जनता भी आकर इसे देख सकती है। खास बात है इसमें स्पेस साइंस की फिल्म देखने के लिए आपको किसी तरह की फीस भी नहीं देनी होगी क्योंकि प्लैनेटोरियम में एंट्री फ्री रखी गई है। इसका उद्‌घाटन सोसायटी फॉर प्रमोशन ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी इन इंडिया (एसपीएसटीआई) के प्रेसिडेंट धरमवीर ने किया।

तीनसाल से एडल्ट तक के लिए: दीक्षांतइंटरनेशनल स्कूल के चेयरमैन मितुल दीक्षित ने कहा कि इस प्लैनेटोरियम को इंटर यूनिवर्सिटी सेंटर फॉर एस्ट्रोनॉमी एंड एस्ट्रोफिजिक्स (आईयूसीसीए) पुणे के सहयोग से स्थापित किया गया है। इस प्लैनेटोरियम में स्पेस से रिलेटेड कई फिल्म दिखाई जाएंगी और यह 30 मिनट से एक घंटे तक की होंगी। उन्होंने कहा कि स्कूल के स्टूडेंट्स के करिकुलम में स्पेस साइंस भी है और उनकी वर्कशीट्स में भी इसे जोड़ा गया है, ताकि उनका एकेडेमिक्स इस प्लैनेटोरियम से रिलेट कर सके। इस प्लैनेटोरियम में जो फिल्म दिखाई जाएंगी वह ऑडियंस के लेवल के हिसाब से अलग-अलग होंगी, क्योंकि तीन साल से एक एडल्ट तक के लिए फिल्म हैं। मिसाल के तौर पर प्राइमरी लेवल के स्टूडेंट्स के लिए अलग से फिल्म होगी जबकि सेकेंडरी के लिए अलग और सीनियर सेकेंडरी के लिए अलग होगी। मितुल ने कहा कि देश का कोई भी स्कूल अगर अपने स्टूडेंट्स को प्लैनेटोरियम में फिल्म दिखाना चाहता है तो उसके लिए किसी तरह की फीस नहीं ली जाएगी।

वीरवार से प्लेनोटोरियम की शुरूआत हो गई। स्पेस साइंस जानने के लिए काफी उत्सुक दिखे। स्टूडेंट्स गैलेक्सी को समझने की कोशिश करते नजर आए।

इस प्लैनेटोरियम में चांद सितारों की फिल्म दिखाने के अलावा उसे लाइव दिखाने का भी प्रोविजन है। इसमें न्यू जेनरेशन नाइटशेद सॉफ्टवेयर इंस्टॉल किया गया है। इस सॉफ्टवेयर के तहत रात में जब प्लैनेटोरियम खुलेगा और स्काई क्लियर होगा तो सितारों को प्लैनेटोरियम के डोम पर देखा जा सकता है। यह सितारे डोम के जरिए काफी नजदीक से दिखेंगे और उनकी फॉर्मेशन के बारे में पता लग सकेगा।

{ 5 मीटर का फिक्स डोम है

{प्लैनेटोरियम की सिटिंग कैपेसिटी 50 है

{1 लाख 20 हजार सितारों को देखा जा सकता है

{हाई डेफिनिशन स्क्रीन के लिए डिजिटेलाइज प्रोजेक्शन

{डिजिटल फिश आई लेंस

मितुल ने कहा कि अभी अगर लोगों को स्पेस साइंस से रिलेटेड फिल्म देखनी होती थी तो वह शहर से बाहर जाते थे क्योंकि यहां पर काेई ऑप्शन नहीं था, लेकिन इस प्लेनेटोरियम से यह कमी भी पूरी हो गई है। प्लैनेटोरियम में वीकेंड पर खास फिल्में आम लोगों को भी दिखाई जाएंगी। हर शनिवार और रविवार को लोगों के लिए खास शो रखे जाएंगे। हालांकि इसके लिए अभी समय तय नहीं है और लोगों की रिक्वायरमेंट के हिसाब से ही समय तय किया जाएगा।

खबरें और भी हैं...