आज एमसी के बजट पर होगी चर्चा, देखें लाइव टेलिकास्ट
सीईओ खुद आकर बताएं क्यों शुरू नहीं हुईं इंटरनेशनल फ्लाइट्स: हाईकोर्ट
इंटरनेशनलफ्लाइट्स शुरू करने में क्या दिक्कत रही है। एयरपोर्ट से फ्लाइट्स के लिए वाॅच आवर क्यों नहीं बढ़ाए जा रहे। कैट-3 लेवल का लैंडिंग सिस्टम कब तक लगेगा और रनवे को कब तक एक्सपेंड कर दिया जाएगा। ये चार सवाल पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने वीरवार को एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के सीईओ और केंद्र सरकार से पूछे हैं।
जस्टिस एसके मित्तल और जस्टिस एचएस सिद्धू की खंडपीठ ने इन सवालों का जवाब देने के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के सीईओ को कोर्ट में तलब कर लिया है। खंडपीठ ने इस मामले में 23 फरवरी के लिए सुनवाई तय की है। मोहाली में चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन सितंबर में हुआ था, लेकिन अभी तक यहां से कोई इंटरनेशनल फ्लाइट शुरू नहीं हुई है।
मोहाली इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ने एयरपोर्ट से इंटरनेशनल फ्लाइट्स शुरू किए जाने पर जनहित याचिका दायर की थी। याची पक्ष की ओर से एडवोकेट पुनीत बाली ने कहा कि एयरपोर्ट को इंटरनेशनल का नाम तो दे दिया गया, लेकिन यहां बड़े स्तर पर खामियां हैं। विजिबिलिटी कम होने की स्थिति में यहां एयरक्राफ्ट को नहीं उतारा जा सकता है। रनवे भी बड़े एयरक्राफ्टों को उतारने में सक्षम नहीं है। इसके लिए रनवे की लम्बाई से जुड़ी कुछ समस्या है। तीसरा मुद्दा कैट 3 से जुड़ा है। यह ऐसी तकनीक होती है जिसकी सहायता से विजिबिलिटी कम होने पर भी विमान को उतारा जा सकता है। हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई के दौरान एविएशन सेक्रेटरी को खुद हाजिर होकर इन पॉइंट्स पर जवाब देने के आदेश दिए हैं।
एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया की ओर से दायर जवाब में कहा गया कि कैंटीन के लिए लाइसेंस जारी कर दिए गए हैं। एयरपोर्ट पर 5 स्नैक्स बार और एटीएम लगाने का काम भी लगभग पूरा हो गया है। एयरपोर्ट में 48 चेक इन काउंटर तैयार कर दिए गए हैं। इंटरनेशनल एयरपोर्ट को मिलने वाली सभी सुविधाएं मुहैया करवा दी गई हैं। इनमें प्री पेड टैक्सी काउंटर, स्नैक बार, विजिटर इंट्री टिकट काउंटर्स, कार पार्किंग, दो ब्रिज और बैगेज कनवेयर्स शामिल हैं। यात्रियों की सुरक्षा के लिए लेटेस्ट उपकरणों से एयरपोर्ट को लैस किया गया है। न्यू इंटीग्रेटिड टर्मिनल बिल्डिंग, कस्टम, इमीग्रेशन की बिल्डिंग भी बनकर तैयार है। कस्टम को शुरू करने के लिए लुधियाना रेंज के कस्टम कमिश्नर को मैन पावर उपलब्ध करवाने के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिख चुकी है और इसी प्रकार का एक पत्र आईबी को भी भेजा गया है।
चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर अभी सिविल फ्लाइट्स के लिए सुबह 8 से रात 8 बजे तक फ्लाइट ऑपरेशन की परमिशन है। रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर इस मामले में कह चुके हैं कि वे वॉच आवर रात 8 बजे से बढ़ाकर 12 बजे तक करने को तैयार हैं।
एयरपोर्ट का रनवे 9000 फीट है, इसे बढ़ाकर 10400 फीट किया जाना है। इसके लिए एयरफोर्स माफी प्रोजेक्ट के तहत ये काम अगले साल तक होना है। 2017 में इस प्रोजेक्ट के पूरे होने की उम्मीद है।
चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर अभी केट-1 आईएलएस लगा हुआ है। इसमें 1200 मीटर की विजिबिलिटी पर सुरक्षित फ्लाइट ऑपरेशन हो सकता है। इसे अपग्रेड कर कैट-2 या कैट या 3 किया जाना है। रक्षा मंत्रालय की ओर से इसकी सेंक्शन मिल चुकी है। यह काम भी इसी साल शुरू हाेना है।
चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट से दुबई के लिए इंटरनेशनल फ्लाइट शुरू करने के लिए इंडिगो और स्पाइसजेट को परमिशन मिल चुकी है। माना जा रहा है कि इंडिगो मार्च के अंत तक दुबई की इंटरनेशनल फ्लाइट शुरू कर सकता है।
{www.mcchandigarh.gov.in. पर सुबह 11 बजे से
मीटिंंग मेंभूटान, बोत्सवाना, इथोपिया, गोटेवाला, नेपाल, साउथ अफ्रीका, कजाकिस्तान, पलस्टाइन, कीनिया, मलवाया, मॉरिशस, नाइजीरिया, तोंगा, तुनिषिया युगांडा और वियतनाम के डेलीगेट में 28 लोग शामिल हैं। ये सभी गवर्नमेंट ऑफ इंडिया के ट्रेनिंग प्रोग्राम फॅार ओवरसीज प्रोफेशनल के तहत एक महीना (18 जनवरी से 26 फरवरी तक) इंडिया में आए हुए हैं। इस दौरान विभिन्न शहर और राज्य में जाकर प्लानिंग ऑफ मैनेजमेंट फॉर अर्बन के तहत ट्रेनिंग ले रहे हैं। इसी के तहत 11 और 12 फरवरी को शहर में सीआरआईआईडी में ट्रेनिंग के लिए आए हुए हैं।