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लैब की रिपोर्ट: टेम्प्रेचर वेरिएशन से मरीं सुखना लेक में 12 डक्स

7 वर्ष पहले
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रिपोर्ट की कॉपी हमारे पास अभी नहीं पहुंची है

दिनमेंटेंपरेचर ज्यादा होने और रात में ज्यादा ठंड हो जाने के कारण ही सुखना लेक में डक की डेथ हो रही है। टेंपरेचर वेरिएशन के चलते लेक में परिंदों की केजुअल्टी हो रही है। प्रशासन द्वारा एक दिन पहले ही 12 डक्स की बॉडी जालंधर की लेबोरेट्री में जांच के लिए भेजी थी जिसकी जांच में ये सामने आया है। इस बारे में प्रशासन के अफसरों को मोबाइल पर लेबोरेट्री की तरफ से फोन कर जानकारी दे दी गई है।

इस जानकारी के आने के बाद प्रशासन के अफसरों ने थोड़ी राहत की सांस ली है लेकिन अभी भी सुखना लेक में डक्स की केजुअल्टी लगातार हो रही है। शुक्रवार को भी करीब 10 डक्स की केजुअल्टी हुई है। हालांकि फॉरेस्ट एंड वाइल्ड लाइफ डिपार्टमेंट और एनिमल हसबेंडरी डिपार्टमेंट दोनों के रिकॉर्ड में ही शुक्रवार को कोई केजुअल्टी नहीं है। इससे पता चलता है कि इन बेजुबानों के लिए कितना गंभीर प्रशासन है। अफसरों के मुताबिक कोई केजुअल्टी शुक्रवार को नहीं हुई है। जबकि हकीकत में करीब 10 डक्स की केजुअल्टी शुक्रवार को लेक पर हुई है।

अबरेगुलेटरी एंड पर ही देख सकेंगे लोग माइग्रेटरी बर्डस को: सुखनालेक में अब आपको एंट्रेस में माइग्रेटरी बर्डस देखने को नहीं मिलेंगे। माइग्रेटरी बर्डस देखना चाहते हैं तो लेक के रेगुलेटरी एंड पर देख सकेंगे। डिपार्टमेंट ने माइग्रेटरी बर्डस को लेक की एंट्रेस से दूर रखने का फैसला किया है।

माइग्रेटरी बर्डस को लोग फूड डालें और ये बीमार हो या कोई केजुअल्टी इन माइग्रेटरी बर्डस के साथ हो इसके लिए इन माइग्रेटरी बर्डस को लेक के रेगुलेटरी एंड की तरफ भगाया जाएगा। वाइल्ड लाइफ डिपार्टमेंट के मुताबिक करीब 50 माइग्रेटरी बर्डस सुखना लेक की एंट्रेस की तरफ गए हैं जिनको अब यहां से रेगुलेटरी एंड की तरफ भेजा जाएगा।

रेगुलेटरी एंड की तरफ भगाए जाएंगे माइग्रेटरी बर्ड्स

सुखना लेक पर शुक्रवार को भी जारी रहा डक्स की मौत का सिलसिला

जलंधर में नॉदर्न रीजनल डिसीज डायग्नोस्टिक लेबोरेट्री(आरडीडीएल) के अफसरों के साथ मेरी बात शाम को हुई। उन्होंने रिपोर्ट तैयार कर ली है जिसमें टेंपरेचर वेरिएशन और रात के समय ज्यादा ठंड हो जाने के चलते इन डक्स के मौत की वजह बताई गई है। फिलहाल रिपोर्ट की कॉपी हमारे पास अभी नहीं पहुंची है। -डॉक्टरलवलेश कांत गुप्ता, ज्वाइंटडायरेक्टर एनिमल हसबेंडरी