खुद को अवतार बताकर लुटाए 1000 के नोट
अभिषेक धीमान | चंडीगढ़ k_abhishek@dbcorp.in
हर किसी ने बचपन में राजा-महाराजाओं की कहानियां सुनी होंगी जो किसी अच्छी खबर पर सोने की अशर्फियां लुटाते थे। लेकिन ऐसा कोई सीन किसी ने अपने सामने देखा नहीं होगा। बुधवार शाम करीब 5 बजे सेक्टर-33-45 के लाइट पॉइंट पर ऐसा ही हुआ। अशर्फियों का जमाना अब रहा नहीं, लेकिन एक शख्स हजार-पांच सौ के नोट हवा में लुटा रहा था। आसपास गुजरते लोग गाड़ी रोक-रोक कर नोट बटोर रहे थे। ये शख्स कोई राजा-महाराजा नहीं है, बल्कि मानसिक रूप से परेशान है। पुलिस उसे जीएमसीएच-32 ले गई, जहां उसका इलाज शुरू हो चुका है।
सेक्टर 33-45 के लाइट पॉइंट पर ये शख्स टहलता हुआ आया और 15 मिनट तक कारों को रोकता रहा। कुछ कारें रुकीं तो उनकी बोनट पर चढ़ गया। फिर खुद को भगवान का अवतार बताकर लोगों से आशीर्वाद लेने को कहा। इसके बाद इस आदमी ने अपनी जैकेट निकालकर फेंक दी। फिर घड़ी उतार फेंकी और उसके बाद मोबाइल जो टूट भी गया। यहां तक लोग तमाशा देखते रहे। लोग तब उमड़े जब इस आदमी ने जेब से पर्स निकाला और 1000-500 के नोट हवा में उड़ाने शुरू कर दिए। बच्चे-जवान-बूढ़े... जो भी वहां से गुजर रहा था नोट बटोरने में जुट गया। लोगों ने टू-व्हीलर रोक-रोककर नोट जेबों में भरे और चलते बने। इससे ट्रैफिक जाम लग गया। किसी ने पीसीआर को कॉल की। थोड़ी देर में पीसीआर की जिप्सी मौके पर पहुंची और इस शख्स को पहले बुड़ैल चौकी और फिर जीएमसीएच-32 ले गई।
बुड़ैल चौकी के जांच अधिकारी हवलदार टहल सिंह के मुताबिक ये आदमी मानसिक तौर पर परेशान है। अपना नाम-पता नहीं बता पा रहा है। हम उसके घरवालों की पहचान करने की कोशिश कर रहे हैं।
सामने ही लुटाए रुपए
जिसजगह यह वाकया हुआ उससे 15 मीटर की दूरी पर श्रवण कुमार मोची का काम करता है। श्रवण ने बताया जब रुपए लुटाए जा रहे थे तो वह दुकान पर ही था। दुकान छोड़कर नहीं जा सका, सामने ही रुपए बटोर लिए गए।
एटीएम-पर्स मिला
बुड़ैलचौकी में तलाशी के दौरान पुलिस को इस आदमी से एक पर्स और एटीएम मिला है। पूछताछ में व्यक्ति खुद को पठानकोट का बता रहा है। हालांकि पुलिस उसके घरवालों का पता नहीं लगा पाई है।
नोट लुटाने वाला शख्स नंगे पैर ही घूम रहा था।