चंडीगढ़। मैं हरियाणो का छोरा . . . . , पंजाबियां दी शान वखरी . . ., कुड़िए पंजाबणों . . . । एक के बाद एक पंजाबी गीतों की धुन, ढोल की थाप पर गबरुओं के सधे हुए कदम और खूबसूरत परांदे और टिक्के में सजी युवतियां।
ये है पंजाब यूनिवर्सिटी का कैम्पस जहां सारा माहौल मस्ती में सराबोर था लेकिन, इन सबके पीछे छिपी थी एक अजीब सी टीस और दुःख. आखिर इस मस्ती भरे माहौल में ऐसा क्या हुआ कि सबकी आंखें भर आई, जानने के लिए कीजिए स्लाइड पर क्लिक और देखिए आकर्षक तस्वीरें...