चंडीगढ़। हरियाणा के निर्वाचन अधिकारी श्रीकांत वाल्गद ने बताया कि किसी भी प्रत्याशी के नामांकन पत्रों में कोई गलती रह गई है तो 29 सितंबर को 3 बजे से पहले इस गलती को सुधारा जा सकता है, गलती सुधारने के दौरान नामांकन रद्द नहीं होगा। वाल्गद ने यह जानकारी भारत के निर्वाचन आयोग के कानूनी सलाहकार एसके मेंदीरत्ता से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के बाद दी। इस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश के सभी डीसी और चुनाव से जुड़े अधिकारी भी शामिल हुए।
कॉन्फ्रेंस में विधानसभा चुनाव के लिए शनिवार को समाप्त हुई नामांकन प्रक्रिया को लेकर चर्चा की गई। बताया गया कि नामांकन प्रक्रिया की समाप्ति के बाद किसी प्रत्याशी के नामांकन फाॅर्म या नामांकन के दौरान दिए जाने वाले शपथ-पत्र में कोई गलती रह जाती है तो वह प्रत्याशी नामांकन जांच की तारीख जो 29 सितंबर है, को 3 बजे से पहले उस गलती को दूर कर लेता है तो उसका नामांकन रद्द न किया जाए।
नामांकन रद्द करने से पहले बारीकी से कागजों की जांच करें
मेंदीरत्ता ने कहा कि किसी भी प्रत्याशी के नामांकन को रद्द करने से पहले उसकी गहराई से जांच की जानी चाहिए। सारे हालात पर विचार करने के बाद और वाजिब कारण हो तो ही नामांकन रद्द किया जाए। यदि कोई बात स्पष्ट नहीं हो रही है और संदेह हो रहा है, तो कोशिश करें कि संदेह का लाभ प्रत्याशी को दिया जा सके।