चंडीगढ़. वित्तमंत्री के रूप में आिर्थक पैकेज देने से इनकार का चुके अरुण जेटली ने रक्षामंत्री के रूप में अब सीएम प्रकाश सिंह बादल को एक और झटका दिया है। जेटली ने सेना में पंजाब का भर्ती कोटा बढ़ाने से साफ इनकार कर दिया है। यह कोरा जवाब उन्होंने सीएम प्रकाश सिंह बादल के उस लेटर पर दिया जो चार जून 2014 को लिखा था। बादल ने विधानसभा में पारित नॉन आॅफिशियल रेजुलेशन का हवाला दिया था। जेटली ने पिछले सप्ताह ही लेटर नं- 18(27)2014-डी-(एजी)2573-एफ-आरएम-14 में कहा है कि वर्तमान पॉलिसी सभी के लिए समान है। इससे पहले बादल ने केंद्र को आर्थिक पैकेज देने के लिए लेटर लिखा था। इस पर जेटली ने राज्य सरकार को सुझाव दिया था कि आर्थिक संकट से निपटने के लिए बिजली सब्सिडी बंद की जाए।
क्या था नॉन आॅफिशियल रेजुलेशन में
मार्च में बजट सत्र में नॉन आॅफिशियल डे पर विधानसभा में पंजाब से सेना में घटती भर्ती पर चिंता जताई और इसे बढ़ाने के लिए प्रस्ताव पारित किया गया। विधायकों ने कहा था कि पंजाब ने सबसे ज्यादा कुर्बानियां की हैं। आजादी की जंग में जितने लोगों को फांसी दी गई, उनमें 92 फीसदी पंजाबी थे। लेकिन पिछले दो दशक से आबादी के हिसाब से भर्ती कोटा बना दिए जाने से अब सिर्फ दो फीसदी सैनिक ही पंजाब से भर्ती होते हैं। अब जेटली ने कहा है, ‘हर राज्य की जनगणना के हिसाब से रिक्रूटएबल मेल पॉपुलेशन का दस फीसदी चुन लिया जाता है।’