नई दिल्ली. आरएसएस के थिंक टैंक रहे गोविंदाचार्य की पिटीशन पर दिल्ली हाईकोर्ट ने गूगल इंक और गूगल इंडिया को निर्देश जारी किए हैं। हाईकोर्ट ने गूगल से कहा है कि वह एफिडेविट फाइल करे कि यू ट्यूब पर कंटेट शेयर करके वह भारत में पैसे नहीं बना रहा है। पिटीशन में सरकार के अलग अलग डिपार्टेमेंट को सोशल मीडिया पर डालने से इन्फॉर्मेशन लीक होने और गवर्मेंट डिपार्टेमेंट के सोशल मीडिया के इस्तेमाल पर सवाल उठाया गया था। इन तमाम मामलों को लेकर गोविंदाचार्य ने गूगल सीईओ सुंदर पिचाई को एक ओपन लेटर भी लिखा था।
वाट्सएप छोड़ें इंटेलीजेंस एजेंसियों के ऑफिसर
- दिल्ली पुलिस के IG इंटेलीजेंस सत्यमूर्ति ने इंटेलीजेंस डिपार्टमेंट में काम कर रहे पुलिस ऑफिसर्स को वाट्सएप ग्रुप छोड़ने को कहा है।
- इंटेलीजेंस एजेंसियों ने पुलिस कर्मियों को वाट्सएप ग्रुप के जरिए इंफॉर्मेशन शेयर करने से इसके लीक होने का खतरा बताया था।
-आईजी का मानना है कि सीक्रेट इंफॉर्मेशन शेयर करने के लिए ऑफिसर्स ऑफिशियल वेबसाइट की जगह वाट्सएप का ज्यादा इस्तेमाल कर रहे हैं।
- सत्यमूर्ति ने कहा है कि सेंट्रल इन्टेलिजेंस डिपार्टमेंट से जुटे पुलिस ऑफिसर्स अपने फेसबुक,ट्विटर और वाट्सएप के सोशल मीडिया अकाउंट से कोई भी ऑफिशियल इंफॉर्मेशन शेयर नहीं करें।
- ऐसे ऑफिसर्स जो वाट्सएप के जरिए इंफॉर्मेशन शेयर करते हैं उन्हें वाट्सएप ग्रुप तुरंत छोड़ना होगा।
-आईजी इंटेलीजेंस के मुताबिक वाट्सएप पर शेयर हुई इंफॉर्मेशन तुरंत दुनियाभर में वायरल हो जाती है।
- इंटेलीजेंस ऑफिसर्स की शेयर की गई इंफॉर्मेशन को सही और प्रामाणिक माना जाता है। ऐसे में कई बार यह इंफॉर्मेशन इंटेलीजेंस ऐजेंसियों के लिए सिरदर्द बन जाती है।
NIA ने की सोशल मीडिया कंपनियों से कंटेट शेयर करने को कहा
- ISIS के बढ़ते खतरे पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार ने पहल शुरू कर दी है।
- इसे सिलसिले में NIA के अधिकारियों ने मंगलवार को सोशल मीडिया कंपनियों के साथ मीटिंग की है।
-NIA के मुताबिक उसने कई सोशल मीडिया कंपनियों जिनमें वहाट्सएप, फेसबुक, ट्विटर, टेलीग्राम, किक और श्योरस्पॉट जैसी कंपनियों से म्यूचअल अंडरस्टेंडिंग ट्रिटी के तहत डेटा शेयर करने की रिक्वेस्ट की है।
- NIA ने मंगलवार को यूएई से डिपोर्ट किए गए तीन सस्पेक्ट को कोर्ट में पेश किया था।
-एजेंसी ने कोर्ट को बताया कि ये तीनों सोशल मीडिया के जरिए ISIS के लिए रिक्रूट तलाश करते थे।
- तीनों का ही संबंध मिडिल ईस्ट के टेरर ऑर्गेनाइजेशन से है।
गोविंदाचार्य ने लिखी थी पिचाई को खुली चिट्ठी
गोविंदाचार्य ने कुछ दिन पहले भारत आए गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई को बधाई देते हुए उन्हें एक ओपन लेटर लिखा था - गोविंदाचार्य ने लिखा भारत में आईआईटी खड़गपुर के स्टूडेंट रहे सुंदर पिचाई को गूगल इंक के सीईओ बनने बधाई दी। उन्होंने लिखा भारत ने गूगल और आप को बहुत कुछ दिया है और अब आपके वापस देने का समय आ गया है। आपने इंडियन यूथ और रूरल एरिया के लिए डेवलपमेंट के कई प्रोजेक्ट शुरु करने का एलान किया है जिससे भारत को फ्यूचर में बहुत फायदा मिलेगा भारत के युवाओं और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए विकास की कई योजनाओं की शुरूआत करने की घोषणा की है जिनसे भारत को बहुत लाभ होगा, ऐसा हम सभी को विश्वास है। उन्होंने पिचाई से कई सवालों से जवाब भी मांगे थे।
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