- Hindi News
- ग्राहकों की जानकारी रखने में सभी टेलीकॉम कंपनियां सुस्त
ग्राहकों की जानकारी रखने में सभी टेलीकॉम कंपनियां सुस्त
सरकारकी लगातार सलाह के बाद भी टेलीकॉम कंपनियां ग्राहकों को जानने में पूरी रुचि नहीं दिखा रही हैं। दूरसंचार मंत्रालय ने लगभग सभी टेलीकॉम कंपनी को इस मामले में कोताही बरतने का दोषी पाया है। इसके लिए इनपर जुर्माना भी लगाया है। हालांकि मंत्रालय ने कंपनियों पर जितना जुर्माना किया है उसकी आधी राशि भी वसूल नहीं की जा सकी है। जिन कंपनियों पर जुर्माना किया गया है उनमें वोडाफोन, एयरटेल, आइडिया से लेकर एसटेल और एचएफसीएल जैसी कंपनियां शामिल हैं।
दूरसंचार मंत्रालय ने अप्रैल 2007 से लेकर इस साल 30 सितंबर तक करीब 15 टेलीकॉम कंपनियों को ग्राहकों की पहचान नहीं करने या फिर उनके पूरे दस्तावेज नहीं हासिल करने के लिए 2179.41 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया। लेकिन मंत्रालय इनमें से करीब 767.26 करोड़ रुपए ही वसूल कर पाया। एक अधिकारी ने कहा कि जब किसी कंपनी पर जुर्माना लगाया जाता है तो वह इसके खिलाफ अपील करती है। कई मामलों में कंपनियां अदालत में चली जाती हैं। यही वजह है कि वसूली कम हो पाई है। हालांकि कंपनियों को लगातार नोटिस के बाद इस तरह की लापरवाही के मामले काफी कम हुए हैं। पहले जहां इस नियम का अमल 74 प्रतिशत तक होता था वहीं अब यह 96 प्रतिशत तक हो गया है।
एयरटेल ने अपनी \\\"माई प्लान\\\' योजना को विस्तार देते हुए इसमें यह सुविधा दी है कि कोई भी ग्राहक इस योजना के तहत अपने साथ 5 नंबर जोड़ सकता है। यह वह व्यक्ति होंगे जो मुख्य ग्राहक के एसटीडी, लोकल फोन कॉल्स के साथ ही उसके इंटरनेट पैक का इस्तेमाल कर पाएंगे। एयरटेल की प्रवक्ता दीप्ती ने कहा कि अगर कोई व्यक्ति योजना के तहत एसटीडी के 100 मिनट लेता है लेकिन वह इसे उपयोग नहीं कर पाता है तो उसके साथ जुड़े व्यक्ति इसका उपयोग कर पाएंगे। उपयोग के आधार यह संबंधित व्यक्ति के पैक से कम हो जाएगा। इसी तरह लोकल और इंटरनेट पैक भी उपयोग किए जा सकेंगे। हालांकि हर नंबर को जोड़ने के लिए 99 रुपए अलग से देने होंगे।
--------------------------------------