- Hindi News
- योजना आयोग को भंग करने के खिलाफ हैं उत्तराखंड के सीएम
योजना आयोग को भंग करने के खिलाफ हैं उत्तराखंड के सीएम
देहरादून| देशके समावेशी विकास में केंद्रीय योजना आयोग की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने इसे भंग करने की बजाय वर्तमान परिस्थितियों के अनुरूप इसका पुनर्गठन करने और उसे वैधानिक दर्जा देने की वकालत की है।
उन्होंने पुनर्गठित योजना आयोग में हिमालयी एवं पूर्वोत्तर राज्यों की विशिष्ट भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए उनके लिए एक अलग प्रकोष्ठ बनाए जाने की भी मांग की है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में रविवार को नई दिल्ली में हुई बैठक में रावत ने कहा कि राज्यों से विचार विमर्श किए बिना योजना आयोग को समाप्त करने की एकतरफा घोषणा संघीय व्यवस्था के विरुद्ध है। उन्होंने कहा, ‘योजना आयोग को समाप्त करने की बजाय इसका पुनर्गठन करते हुए इसे वैधानिक दर्जा दिया जाना चाहिए।
इसमें सभी राज्यों को समुचित प्रतिनिधित्व दिया जाए और इसमें राज्यों के शिकायतों के निवारण तंत्र की प्रणाली विकसित की जाए। संसाधनों के आबंटन का कार्य वित्त आयोग या वित्त मंत्रालय को सौंपने की बजाय योजना आयोग के पास ही रहने दिया जाए।’