- Hindi News
- गंगा पर नहीं बोलने देने को लेकर विपक्ष पर बरसीं उमा
गंगा पर नहीं बोलने देने को लेकर विपक्ष पर बरसीं उमा
आगरामेंकथित जबरन धर्मांतरण को लेकर विपक्ष के हंगामे के कारण केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने लोकसभा में गुरुवार को गंगा पुनर्जीवन मुद्दे पर उन्हेंं अपनी बात रखने का मौका नहीं दिए जाने को लेकर विपक्ष की कड़ी आलोचना की। जल संसाधन, नदी विकास तथा गंगा संरक्षण मंत्री उमा भारती ने इस मुद्दे पर पिछले दस सालों में ‘कुछ नहीं’ करने के लिए भी विपक्ष की आलोचना की। उन्होंने संसद परिसर में कहा, ‘आज एक महत्वपूर्ण सवाल था जिसे मैं लोकसभा और राज्यसभा में पिछले दो सालों से उठा रही हूं।’ भारती ने कहा, ‘जब गंगा का मुद्दा उठा तो अध्यक्ष ने कहा कि यह विषय गंगा से जुड़ा हुआ है और उन्हें बोलने दें।’ उन्होंने हालांकि गंगा संबंधी परियोजना का ब्यौरा देने से इनकार करते हुए कहा कि सदन में इस सवाल का जवाब दिया जाना अभी बाकी है। इस मुद्दे पर विपक्ष को आड़े हाथ लेते हुए उमा भारती ने कहा, ‘पिछली सरकार ने गंगा पर कुछ नहीं किया। प्रधानमंत्री ने इस मुद्दे पर तेजी से कार्रवाई की। दुनिया में कहीं कोई एक भी ऐसा मामला नहीं हुआ जहां किसी प्रधानमंत्री ने किसी मंत्रालय का गठन किया हो और उसने छह महीने के भीतर ही सुचारु रूप से काम शुरू कर दिया हो।
मैं इस संबंध में सदन में ब्यौरा देना चाहती हूं।’ उन्होंने कहा, ‘गंगा के मुद्दे पर विपक्ष ने कोई चर्चा तक नहीं होने दी।’ आगरा में जारी धर्मांतरण विवाद के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने यह कहते हुए इस सवाल को टाल दिया कि ‘यह मुद्दा उनके क्षेत्राधिकार से बाहर है।’