प्रशांत ने दिल्ली में चुनावी अभियान से खुद को दूर रखा था। बताया जाता है कि प्रशांत भूषण ने 'आप' के कुछ उम्मीदवारों के चयन पर सवाल उठाए थे। लेकिन पार्टी ने उनके एतराज को दरकिनार कर दिया था। भूषण ने कहा, "दूसरी पार्टियों से 'आप' में लाए गए कुछ लोग पूरी तरह से अनैतिक हैं। चुनाव लड़ना उनके लिए बिजनेस जैसा है। मैं पार्टी के भीतर अपनी आपत्तियां दर्ज कराता रहूंगा। लेकिन मैं इससे आगे कुछ नहीं कहूंगा।" माना जा रहा है कि 14 फरवरी को 'आप' की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में इन मुद्दों पर भी चर्चा होगी।
70 सीटों वाली दिल्ली विधानसभा में 'आप' को 67 सीटों पर जीत मिली है।14 फरवरी को अरविंद
केजरीवाल की अगुआई में दिल्ली में नई सरकार शपथ लेगी।