विज्ञापन

कलाई पर लाल धागा बंधवाकर करें एक मंत्र का जाप, भगवान की कृपा से दूर हो सकती हैं परेशानियां

Dainik Bhaskar

Jun 25, 2018, 03:42 PM IST

जब भी मंदिर जाते हैं तो वहां ब्राह्मण भक्तों की कलाई पर लाल धागा बांधते हैं। ये भी पूजा-पाठ का एक अभिन्न अंग है।

benefits of raksha sutra, mouly in hand, we should tied red thread on wrist
  • comment

रिलिजन डेस्क। पूजा-पाठ करते समय कलाई पर लाल धागा बांधने की परंपरा है। इस लाल धागे को मौली या रक्षासूत्र कहा जाता है। इसके बिना पूजा पूर्ण नहीं मानी जाती है। जब भी कलाई पर ये धागा बनवाते हैं तो अपने इष्टदेव के मंत्रों का जाप करना चाहिए। अगर आप चाहें तो ऊँ गं गणपतयै नम: मंत्र का जाप भी 108 बार कर सकते हैं। इस उपाय से भगवान की विशेष कृपा मिलती हैं और ये धागा हमें कई बीमारियों से भी बचा सकता है।

उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के अनुसार जानिए कलाई पर मौली बांधने से कौन-कौन से लाभ मिल सकते हैं...

# मौली बांधने से दूर होते हैं त्रिदोष

पं. मनीष शर्मा के अनुसार कलाई पर मौली वहां बांधी जाती है, जहां से आयुर्वेद के जानकार वैद्य पल्स चेक करके बीमारी का पता लगाते हैं। इस जगह पर मौली बांधने से पल्स पर दबाव बना रहता है और हम त्रिदोषों से बच सकते हैं। इस धागे से त्रिदोष यानी कफ, वात और पित्त से संबंधित रोगों पर रोक लगा सकते हैं।

# त्रिदेव और तीन देवियों की कृपा मिलती है इस धागे से

किसी भी देवी-देवता की पूजा में पंडित हमारे हाथ पर मौली जरूर बांधता है। इस संबंध में मान्यता है कि ये धागा बांधने से त्रिदेव यानी ब्रह्मा, विष्णु और महेश के साथ ही तीनों देवियों लक्ष्मी, दुर्गा और सरस्वती की कृपा भी मिलती है। ब्रह्मा की कृपा से प्रसिद्धि, विष्णु से बल मिलता है। शिवजी की कृपा से बुराइयां दूर होती हैं। इसी प्रकार लक्ष्मी से धन, दुर्गा से शक्ति और सरस्वती की कृपा से बुद्धि मिलती है।

# पुराने समय से चली आ रही ये प्रथा

मौलि का शाब्दिक अर्थ है सबसे ऊपर, इसका अर्थ सिर से भी है। शंकर भगवान के सिर पर चंद्रमा विराजमान है, इसीलिए शिवजी को चंद्रमौलिश्वर भी कहा जाता है। मौलि बांधने की प्रथा तब से चली आ रही है, जब दानवीर राजा बलि की अमरता के लिए वामन भगवान ने उनकी कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा था।

X
benefits of raksha sutra, mouly in hand, we should tied red thread on wrist
COMMENT
Astrology

Recommended

Click to listen..
विज्ञापन
विज्ञापन
एप में पढ़ें