--Advertisement--

फूड सीरीज-6 : स्प्राउट्स रोजाना क्यों खाना जरूरी है? कैसे व कितना खाएं और क्या ध्यान रखें?

स्प्राउट्स की ​न्यूट्रिशनल वैल्यू हाई है और ये लो कैलोरी फूड है।

Danik Bhaskar | Jul 13, 2018, 04:40 PM IST
  • स्प्राउट्स को पानी में इसलिए भिगोया जाता है ताकि इसे आसानी से पचाया जा सके
  • अंकुरित करने में इसमें मौजूद पोषक तत्व बढ़ जाते हैं
  • स्प्राउट में स्टार्च की मात्रा कम होने की वजह से फैट नहीं बढ़ता।

लाइफस्टाइल डेस्क. ज्यादातर लोग स्प्राउट्स यानी अंकुरित अनाज को वर्कआउट करने वालों की डाइट मानते हैं लेकिन ऐसा नहीं है। इसे बच्चों, बड़ों, महिलाओं और बुजुर्गों सभी को डाइट में शामिल करना चाहिए, खासकर ब्रेकफास्ट में। इसमें सबसे ज्यादा विटामिंस, मिनिरल्स और प्रोटीन पाए जाते हैं। यह शरीर की रोगों से लड़ने की पावर यानी इम्युनिटी भी बढ़ाता है। डाइटीशियन सुरभि पारीक से जानते हैं इसे कैसे और कितना खाएं और क्या हैं फायदे...

सवाल: क्या है स्प्राउट्स?
जवाब:
यह दाल, नट्स, बीज, अनाज और फलियों का कॉम्बिनेशन है। इन सभी चीजों को पानी में भिगोकर अंकुरित करके तैयार किया जाता है। पानी में इसलिए भिगोया जाता है ताकि इसे आसानी से पचाया जा सके। अंकुरित करके पर इसमें मौजूद न्यूट्रिएंट्स बढ़ जाते हैं। इसे रोजाना नाश्ते में शामिल करना एनर्जी और विटामिंस की पूर्ति करने का बेहतरीन आॅप्शन है। इसे सलाद के रूप में भी शामिल कर सकते हैं। स्प्राउट में स्टार्च की मात्रा कम होने की वजह से फैट नहीं बढ़ता।

सवाल: क्यों है ये फायदेमंद?
जवाब:
इसकी न्यूट्रिशनल वैल्यू हाई होती है क्योंकि इसमें फायबर के साथ विटामिन-ए, सी, के, नियासिन, फोलेट, मैग्नीज, कॉपर, जिंक, आयरन और कैल्शियम पाया जाता है। ये सभी तत्व एंजाइम के लिए बेहद जरूरी हैं जो मेटाबॉलिज्म में अहम रोल अदा करता है।

सवाल: स्प्राउट्स कैसे बनाएं?
जवाब:
इसमें जो भी चीजें ले रहे हैं जैसे मूंग, बीन्स, चने और दालें को एक कटोरे पानी में 6 घंटे के लिए भिगो दें। फिर इसका पानी निकालकर इसे मखमल या कॉटन के कपड़े में बांध दें। इसे 8 घंटे तक ऐसे ही रहने दें। इसके बाद जब आप इसे खोलेंगे तो अंकुर आ चुके होंगे। अब इसमें छोटे-छोटे टमाटर, हरी धनिया और नींबू का रस मिलाकर खाएं। काला चना अंकुरित होने में थोड़ा ज्यादा समय लेता है।

सवाल: इसे कितना खाएं और किन बातों का ध्यान रखें?
जवाब:
इसे एक छोटा कटोरा नाश्ते में ले सकते हैं। इसे खाने के तुरंत बाद चाय या कॉफी न पीएं। दोपहर के भोजन में सलाद के तौर पर भी इसे शामिल कर सकते हैं। ध्यान रखें कि इसे अच्छे से दो बार धोकर ही खाएं। जिस बर्तन या कपड़े का इस्तेमाल कर रहे हैं वह साफ-सुथरा होना चाहिए।

सवाल: यह शरीर में किस तरह फायदा पहुंचाता है?
जवाब:
इसके कई फायदे हैं खासकर ऐसे लोग जो वजन कम करना चाहते हैं उनके लिए काफी बेहतर है।

1. वजन घटाता है: स्प्राउट्स की ​न्यूट्रिशनल वैल्यू हाई है और ये लो कैलोरी फूड है। इसलिए अगर डाइटिंग पर हैं तो इसे लेना न भूलें। इसमें मौजूद फायबर आपको भूख का अहसास कम कराता है जिससे खाने पर कंट्रोल रहता है। ये हंगर हार्मोन घ्रेलिन को अधिक रिलीज होने से रोकता है और मोटापे से निजात दिलाता है।

2. दिल रखेगा दुरुस्त: इसमें ओमेगा-3 फैटी एसिड्स की मात्रा अधिक पाई जाती है जो बैड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ने से रोकता है। ध​मनियों में ब्लॉकेज की शिकायत न होने के कारण यह हार्ट डिजीज जैसे हार्ट अटैक और स्ट्रोक से भी बचाता है। पोटेशियम धमनियों में खिंचाव की समस्या को खत्म करता है और ब्लड में आॅक्सीजन को बढ़ाता है।

3. इम्यून सिस्टम करता है मजबूत : विटामिन-सी शरीर में डब्ल्यूबीसी कोशिकाओं की संख्या बढ़ाता है जिससे इम्यून सिस्टम मजबूत होता है। इसमें मौजूद विटामिन-ए में एंटीआॅक्सीडेंटस का गुण पाया जाता है जो रोगों से लड़ने की क्षमता में इजाफा करता है।

4. घटता है कैंसर का खतरा : इसमें मौजूद एंटीआॅक्सीडेंट, विटामिन-सी, ए और प्रोटीन फ्री रेडिकल्स को घटाकर कैंसर का खतरा कम करने में मदद करते हैं। फ्री रेडिकल्स हार्ट और बढ़ती उम्र के लिए काफी खतरनाक होते हैं।