भारतीय कंपनियों के लिए ब्रिटिश कोलंबिया अहम ठिकाना : कनाडाई मंत्री
भारतीय कंपनियों के लिए ब्रिटिश कोलंबिया अहम ठिकाना : कनाडाई मंत्री
वेंकूवर, 20 मई (आईएएनएस)। भारतीय प्रौद्योगिकी कंपनियों के लिए कनाडा का ब्रिटिश कोलंबिया एक अहम ठिकाना हो सकता है। कनाडाई प्रांत के एक मंत्री ने बताया कि ब्रिटिश कोलंबिया भारत की बड़ी प्रौद्योगिकी कंपनियों और प्रतिभाओं को आकर्षित करने में दिलचस्पी ले रहा है।
ब्रिटिश कोलंबिया के रोजगार, व्यापार और प्रौद्योगिकी मंत्री ब्रुश राल्सन ने कहा, \"\"हमारे पास कंपनियों के लिए वास्तव में आकर्षक प्रस्ताव है। कृपया समझिए कि उत्तरी अमेरिका में कनाडा अपने पड़ोसियों के मुकाबले ज्यादा सुखद स्थान है। हुनरमंद आप्रवासियों के लए कनाडा अधिकांश विकसित देशों के मुकाबले ज्यादा सुखद देश है।\"\"
कनाडा की यात्रा पर गए आईएएनएस संवाददाता को मंत्री ने बताया कि प्रदेश में अच्छे व्यासायिक माहौल, बुनियादी ढांचा, दुरुस्त व्यवस्था और विशिष्ट शैक्षणिक संस्थान और उससे भी बढ़कर मौलिकता है, जिससे प्रतिभाओं और उद्योग को बढ़ावा देने का मजबूत आधार बनता है।
उन्होंने कहा कि ब्रिटिश कोलंबिया ने सूचना और संचार प्रौद्योगिकी, डिजिटल मीडिया, स्वच्छ प्रौद्योगिकी और जीव विज्ञान व स्वास्थ्य सेवा समेत अनेक क्षेत्रों में उभरती हुई प्रौद्योगिकी कंपनियों में निवेश के लिए 10 करोड़ कनाडाई डॉलर का पूंजी कोष बनाया है।
राल्सटन ने बताया कि भारत के जी स्टूडियो इंटरनेशनल ने करीब 100 कर्मचारियों को बीसी में नियोजित करने के लिए शॉप स्थापित करने की योजना बनाई है।
ब्रिटिश कोलंबिया में पिछले 10 साल में प्रौद्योगिकी व नवाचार क्षेत्र में तेजी से वृद्धि हुई है, जिससे उसकी अर्थव्यवस्था में इस तरह से बदलाव आया है जिसके बारे में बहुत कम लोगों ने उम्मीद की होगी।
राल्सटन ने कहा कि ब्रिटिश कोलंबिया में प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में रोजगार में बढ़ोतरी साफ दिख रही है। जहां 2002 में 60,000 लोगों को इस क्षेत्र में नौकरी मिली थी वहां अब 1,10,000 लोग काम कर रहे हैं।
उन्होंने कहा, \"\"आज ब्रिटिश कोलंबिया वैश्विक स्तर पर पहचान बनाने वाली प्रतिभाओं और नवाचारी कंपनियों का ठिकाना बन गया है।\"\"
--आईएएनएस