जयपुर। शहर में नगर निगम चुनावों के लिए तैयार की गई मतदाता सूची में करीब चार हजार मतदाताओं के नाम गायब हो गए हैं जबकि सांगानेर विधानसभा क्षेत्र में मतदाता बढ़े हैं। वोटर लिस्ट में मतदाताओं के नाम गायब होने के बाद संबंधित विधानसभा क्षेत्र के ईआरओ ने जांच शुरू कर दी है।
शहर में कई मतदाताओं के नाम नवंबर 2013 में हुए विधानसभा चुनाव की सूची में शामिल थे, लेकिन 14 सितंबर को जारी की गई निकाय क्षेत्र की नई मतदाता सूची में शामिल नहीं किए गए। ऐसे में उन्हें वोट से वंचित होना पड़ सकता है।
यहां जिम्मेदारों की लापरवाही
- नई मतदाता सूची के लिए बीएलओ और प्रगणकों को डोर टू डोर जाकर सत्यापन करना था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया।
- विधानसभा चुनाव की मतदाता सूची अलग थी। इस बार लोकसभा से सूची तैयार की गई है। दोनों सूची में मिलान नहीं किया गया।
- परिसीमन के बाद नए वार्डों की सीमा के आधार पर निगम ने 26 अगस्त के बाद मकानों पर वार्ड संख्या लिखवाने का काम शुरू किया। काम में देरी की वजह से सूची का मिलान नहीं हो सका।