जयपुर। जमीन की डीएलसी रेट तय करने के लिए जिला स्तरीय कमेटी की बैठक सोमवार व मंगलवार को कलेक्ट्रेट में होगी। जिला प्रशासन व पंजीयन व मुद्रांक विभाग ने इसकी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
बैठक को देखते हुए शहर के सबरजिस्ट्रार व तहसीलदारों ने रविवार को भी दफ्तर खोल कर काम किया। वहीं डीएलसी रेट में 30 से 40 फीसदी का इजाफा होने की आशंका के कारण विधायक व अन्य जनप्रतिनिधियों ने हंगामा करने का मानस बना लिया है।
कलेक्टर कृष्ण कुणाल की अध्यक्षता में होने वाली बैठक में विधायक व प्रधान जनता का पक्ष रखेंगे तथा सब-रजिस्ट्रार व तहसीलदार सरकार की आय बढ़ाने के लिए डीएलसी के बारे में दलील देंगे।
डीएलसी की बैठक पहले 15 व 16 सितंबर को तय की गई थी लेकिन विधानसभा के विशेष सत्र के कारण इसे स्थगित कर दिया है। अब दुबारा से नई तारीख 29 व 30 सितंबर तय की गई है। इसकी सूचना जिले के सभी विधायकों व प्रधानों को भी भेजी जा रही है।
जनप्रतिनिधियों पर निर्भर करेगा डीएलसी रेट:
जिला स्तरीय कमेटी (डीएलसी) के अध्यक्ष कलेक्टर होते हैं। वहीं जिले के विधायक, प्रधान, नगरपालिका के चेयरमेन व सब रजिस्ट्रार इस कमेटी के सदस्य होते हैं। डीएलसी बढ़ाने के बारे में अंतिम फैसला जनप्रतिनिधियों पर ही निर्भर करता है।
दूसरी -र डीएलसी बढ़ाने के पक्ष व विपक्ष में लोगों ने तर्क देना शुरू कर दिया है। जमीन के भाव व डीएलसी में अंतर होने के कारण कई जगह रजिस्ट्री व स्टांप ड्यूटी ज्यादा चुकानी पड़ रही है।