जयपुर। चिकित्सा शिक्षा ग्रुप-प्रथम ने एक आदेश जारी कर डॉ. विकास पालीवाल की संतोष जनक सेवाएं नहीं देने, अनुपस्थित रहने तथा निर्धारित समय पर स्पष्टीकरण नहीं देने पर सेवाएं समाप्त कर दी है।
उल्लेखनीय है कि डॉ.पालीवाल का वर्ष 2012 में सहायक आचार्य नेत्र रोग के पद पर पदस्थापन जोधपुर मेडिकल कॉलेज में किया गया था। ये 17 जून 2013 से अनुपस्थित चलने के बावजूद जोधपुर मेडिकल कॉलेज प्राचार्य की ओर से पत्र लिखने पर विभाग से किसी तरह का न तो पत्राचार किया न ही संतोषजनक जवाब दिया गया। इसलिए विभाग ने लगातार स्वेच्छा से राज्य सेवा में अनुपस्थित रहने पर सेवाएं समाप्त की है।