रायपुर। कृमिनाशक एल्बेंडाजोल टेबलेट खाने से प्रदेश में 93 बच्चे बीमार हो गए। अब बेमेतरा जिले के कसही में काकरोच मिलने का मामला सामने आया है। इस सीरप को पीने के बाद बच्चे को उल्टी भी हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सीएमओ से मामले की रिपोर्ट मांगी है।
सीरप पीने पर उल्टी
स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी बच्चों को कृमिनाशक दवा पिला रहे थे। चार साल के बच्चे को जब एल्बेंडाजोल की सीरप पिलाई गई तो सीरप पीने के बाद बच्चे को उल्टी हो गई। इसके बाद जब शीशी को देखा गया तो उसमें काकरोच मरा पड़ा मिला। काकरोच मिलते ही वहां सनसनी फैल गई। इस घटना के बाद बाकी ग्रामीण अपने बच्चों को सीरप पिलाए बिना घर चले गए। तत्काल मामले की जानकारी बीएमओ डॉ. जितेंद्र कुंजाम को दी गई। डॉ. कुंजाम ने भास्कर से सीरप में काकरोच मिलने की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि यह गंभीर मामला है। मामले की पूरी जानकारी बेमेतरा सीएमएचओ डॉ. एनके यदु को दी गई। डॉ. यदु ने बताया कि मामले की विस्तृत जानकारी बीएमओ से मंगाई गई है।
शिशु संरक्षण माह
28 जनवरी से शुरू हुआ शिशु संरक्षण माह 28 फरवरी तक चलेगा। इस दौरान छूटे हुए बच्चों का टीकाकरण किया जाता है। मातृ सुरक्षा के तहत गर्भवती महिलाओं की जांच की जाती है। कुपोषित बच्चों की जांच कर आयरन व फोलिक एसिड की सीरप पिलाई जाती है। जिन बच्चों को कृमि की समस्या हो, उन्हें कृमिनाशक सीरप पिलाया जाता है। यह कार्यक्रम पूरे प्रदेश में एक साथ चलता है।