रायपुर। बहू के साथ सीईओ द्वारा कथित दुव्र्यवहार को लेकर बिलासपुर जिला पंचायत के दफ्तर में समर्थकों के साथ जमकर तोडफ़ोड़ करने वाले बिल्हा के कांग्रेस विधायक सियाराम कौशिक और उनके कार्यकर्ताओं के खिलाफ पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज करवा दी गई है। उनके खिलाफ भी सरकारी काम में बाधा डालने का आरोप लगाया गया है। कौशिक की तरफ से अब तक कोई काउंटर रिपोर्ट दर्ज नहीं करवाई गई है।
क्या है मामला
बिल्हा विधायक कौशिक की बहू प्रीति कौशिक हाईस्कूल बुंदेला (बिल्हा) में शिक्षाकर्मी वर्ग-1 हैं। शुक्रवार को निरीक्षण पर गए जिला पंचायत के सीईओ नीरज बंसोड ने इस स्कूल में दो शिक्षाकर्मियों को नदारद पाया और उनके दो-दो दिन का वेतन काटने का आदेश दिया। इनमें विधायक की बहू प्रीति भी शामिल थीं। प्रीति आवेदन पत्र के साथ सीईओ को सफाई देने पहुंची थी। प्रीति ने आरोप लगाया कि सीईओ ने उनकी बात ही नहीं सुनी और र्दुव्यवहार करते हुए केबिन से बाहर निकलवा दिया। प्रीति ने मामले की जानकारी बिल्हा विधायक अपने ससुर सियाराम कौशिक को दी। कौशिक ने सीईओ से फोन पर बात की।
इसके बाद नाराज विधायक एक स्कूल के वार्षिक महोत्सव को छोड़कर 30 किलोमीटर दूर से जिला पंचायत आ पहुंचे। विधायक का कहना है कि सीईओ ने फोन पर उनसे भी र्दुव्यवहार किया है। शिक्षाकर्मी बहू और खुद के साथ र्दुव्यवहार से खफा बिल्हा विधायक सियाराम कौशिक ने अपने समर्थकों के साथ जिला पंचायत कार्यालय में तोड़फोड़ की और धरने पर बैठ गए। सीईओ इस दौरान कार्यालय में नहीं थे। विधायक की मांग थी कि सीईओ सामने आकर चर्चा करें। आखिरकार कलेक्टर ठाकुर राम सिंह ने विधायक से फोन पर बात की, तब उन्होंने एडिशनल कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर धरना खत्म किया।