रांची। ग्रामीण महिलाओं को रोजगार दिलाने के लिए झारखंड स्टेट कोऑपरेटिव मिल्क प्रोड्यूसर्स फेडरेशन लिमिटेड पूरी तरह से सहयोग करेगा। महिलाओं के नाम से बैंक अकाउंट खोला जाएगा। उन्हें गाय या भैंस खरीदने के लिए लोन दिलाना, मवेशियों का पालन पोषण से लेकर दूध निकालने तक का प्रशिक्षण, दूध की बिक्री आदि हर काम में फेडरेशन साथ रहेगा। यह आश्वासन फेडरेशन के एमडी बीएस खन्ना ने महिलाओं को दी।
वे गुरुवार को नारी शक्ति संगठन के बैनर तले विभिन्न गांव से आई महिलाओं के साथ बैठक करते हुए बोल रहे थे। आरती बेहरा के नेतृत्व में मांडर, बीजूपाड़ा, बीआईटी, बूटी मोड़, नारकोपी, बेरमो, बेड़ो, कांके आदि जगहों से आई दर्जनों महिलाओं ने मेधा डेयरी के कार्यालय पहुंचकर खन्ना के सामने अपनी बातें रखी। खन्ना ने उन्हें आश्वस्त करते हुए कहा कि डेयरी के क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी जरूरी है। जो महिलाएं दूध बेचेंगी, उनका बैंक अकाउंट खोला जाएगा। फेडरेशन द्वारा उनके उत्पादों को खरीदा और मार्केटिंग किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि सिर्फ गांव की महिलाएं इस योजना से जुड़ सकती हैं। वर्तमान में ओरमांझी में प्रतिदिन १८,००० लीटर दूध उत्पादन हो रहा है। मौके पर आरती बेहरा, अवंतिका शर्मा, लीलावती, सिबिरिया केरकेट्टा, रंकी उरांव, सीमा गाड़ी, स्मिता तिग्गा सहित अन्य उपस्थित थी।