रांची। मुख्य सचिव सुधीर प्रसाद ने लातेहार, चतरा एवं हजारीबाग जिले के उपायुक्तों को निर्देश दिया कि भूमि हस्तांतरण में जो भी समस्याएं आ रही हैं एक सप्ताह के अंदर अपनी अध्यक्षता में बैठक कर उन समस्याओं का समाधान करें।
मुख्य सचिव गुरुवार को प्रोजेक्ट भवन में टोरी-शिवपुर-कथौटिया रेल परियोजना से संबंधित एक उच्च स्तरीय बैठक कर रहे थे।
बैठक में लातेहार उपायुक्त ने मुख्य सचिव को बताया कि जिले में ६४.३३५ एकड़ जंगल-झाड़ी भूमि हस्तांतरण का प्रस्ताव आयुक्त, पलामू प्रमंडल से प्राप्त होने पर १५ दिनों के अंदर भूमि हस्तांतरण कर दिया जायेगा। १६६.४३ एकड़ गैर मजरुआ में से १५०.७६५ एकड़ भूमि हस्तांतरण का प्रस्ताव आयुक्त, पलामू प्रमंडल को प्राप्त है, शेष १५.६६५ एकड़ गैर मजरुआ प्रस्ताव वर्तमान में रेलवे द्वारा उपायुक्त, लातेहार को प्राप्त है, जो प्रक्रियाधीन है जल्द से जल्द इन भूमि को भी रेलवे का हस्तांतरित कर दिया जायेगा। २६५.५९ एकड़ रैयती भूमि से २१०.८८५ एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जायेगा। पूर्ण प्रक्रिया में अनुमानित २ वर्ष लगने की संभावना है। शेष ५४.७०५ एकड़ भूमि का अधिग्रहण हेतु रेलवे से अधियाचना अप्राप्त है।
बैठक में उपायुक्त चतरा ने मुख्य सचिव को जानकारी दी कि १४.८८ एकड़ जंगल झाड़ी भूमि का हस्तांतरण का प्रस्ताव है। शेष २५.९३ एकड़ जंगल झाड़ी भूमि सुनवाई की प्रक्रिया में है। सुनवाई हेतु ३० सितम्बर तक समय दिया गया है। ९.८४ एकड़ रैयती भूमि पुराने अधिनियम अंतर्गत अर्जित की गई है जिसमें मुआवजा निर्धारण एवं वितरण के लिए ३० अक्टूबर तक का समय निर्धारित किया गया है। २२३.३४ एकड़ जंगल झाड़ी की भूमि का हस्तांतरण प्रस्ताव २५ सितम्बर तक देने का निर्देश दिया गया है। ३९३.६० एकड़ गैर मजरुआ खास जमीन का भी हस्तांतरण प्रस्ताव २५ सितम्बर तक देने का निर्देश दिया गया है। ३०३.८१ एकड़ रैयती जमीन में से २९५.६७ एकड़ भूमि का अधिग्रहण पुराने अधिनियम के अंतर्गत की गई है।
बैठक में हजारीबाग जिला के संबंध में उपायुक्त हजारीबाग ने बताया कि जंगल-झाड़ी भूमि का अनापत्ति प्रमाण पत्र दे दिया गया है। जंगल-झाड़ी गैर मजरुआ भूमि का हस्तांतरण प्रस्ताव आयुक्त, हजारीबाग से प्राप्त होने पर १५ दिनों के अंदर हस्तांतरित कर दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि २.९५ एकड़ गैर मजरुआ भूमि का हस्तांतरण प्रस्ताव आयुक्त, हजारीबाग से प्राप्त होने पर हस्तांतरण कर दिया जायेगा। ६३.४७ एकड़ रैयती भूमि पुराने अधिनियम अंतर्गत अर्जित की गई है।
बैठक में प्रधान सचिव उर्जा विभाग जेबी तुबिद, प्रधान सचिव वन विभाग अलका तिवारी, प्रधान सचिव नगर विकास विभाग अजय कुमार सिंह, सचिव परिवहन विभाग केके सोन आदि उपस्थित थे।