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युवाओं ने दिया सृष्टि रक्षा का संदेश आरयू इंटर कॉलेज यूथ फेस्ट के दूसरे दिन हुए कई कांपिटिशन

7 वर्ष पहले
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फोटो : रांची कॉलेज में आयोजित रांची यूनिवर्सिटी इंटर कॉलेज यूथ फेस्टिवल के दौरान नृत्य पेश करते स्टूडेंट्स।
रांची। रांची कॉलेज में आयोजित रांची यूनिवर्सिटी इंटर कॉलेज यूथ फेस्टिवल 2014 के दूसरे दिन शनिवार को यूथ फेस्टिवल का रंगारंग प्रस्तुतियों के साथ हुआ। विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रस्तुतियों के माध्यम से खूब तालियां बटोरी।
कार्यक्रम का शुभारंभ कॉलेज के आर्यभट्ट सभागार में फोक व ट्राइबल डांस के साथ हुआ, जिसमें राम लखन सिंह यादव कॉलेज के गौतम रंजन एंड पार्टी ने गणपति बाबा मोरया, मोरया रे मोरया रे...गीत पर ग्रुप डांस प्रस्तुत किया। वहीं बीएनजे कॉलेज सिसई, बिरसा कॉलेज खूंटी, डोरंडा कॉलेज, जेएन कॉलेज, मांडर कॉलेज के छात्रों ने सामूहिक आदिवासी नृत्य प्रस्तुत कर उपस्थित स्टूडेंट्स को छोटानागपुर की पारंपरिक गीत-नृत्य की संस्कृति से परिचित कराया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ कमल बोस और डॉ यशोधरा राठौर ने किया। इस अवसर पर प्रोवीसी डॉ रजुद्दीन, डीएसडब्ल्यू डॉ एससी गुप्ता, आयोजन समिति के चेयरमैन डॉ यूसी मेहता, डॉ दिलीप प्रसाद, डॉ एपी साहा, प्राचार्य डॉ रंजीत सिंह, डॉ राजेश कुमार सिंह, डॉ अभय कृष्ण आदि उपस्थित थे।

ओडिसी नृत्य ने सबका मनमोहा

कार्यक्रम के दूसरे चरण में क्लासिकल डांस प्रस्तुत कर छात्राओं ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। सबसे पहले डोरंडा कॉलेज की छात्रा तपस्या दास ने मयुरंग ह्दयरंग...गीत पर ओडिसी नृत्य प्रस्तुत कर सबका मनमोह लिया। वहीं रांची वीमेंस कॉलेज की छात्रा अंकिता चक्रवर्ती ने लखनवी घराना का नृत्य प्रस्तुत कर खूब तालियां बटोरी। इसके बाद रांची कॉलेज की रुचिका कुमारी, गोस्सनर कॉलेज की ऐश्वर्या तिर्की, आरएलएसवाई कॉलेज की बालाजी अग्रवाल व आरयूपीजी सपना कर्मकार आदि ने अपने क्लासिकल डांस से लोगों का मनमोह लिया।

कैमरे में कैद यादगार पल

सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान सभागार में उपस्थित स्टूडेंट्स यादगार पल को मोबाइल व कैमरे में कैद करते दिखे। इसमें रांची विश्वविद्यालय के प्रोवीसी डॉ रजुउद्दीन व रांची कॉलेज के प्राचार्य डॉ यूसी मेहता आदि भी अपने कैमरे में स्टूडेंट्स की प्रस्तुतियों को कैद कर रहे थे।

कल होगा फेस्ट का समापन

तीन दिवसीय यूथ फेस्टिवल का समापन 14 दिसंबर को आर्यभट्ट सभागार में होगा। समापन सत्र की शुरूआत दिन के एक बजे से होगा। सांस्कृतिक कार्यक्रम फोक व ग्रुप डांस के साथ शुरू होगा। उसके बाद विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा।
स्टूडेंट्स ने यूथ फेस्ट को बताया बेहतर मंच
यूथ फेस्टिवल आज के युवा के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने का एक बेहतर जरिया है। यहां एक मंच पर कई कॉलेज के स्टूडेंट्स खुद को साबित करते हैं। यहां हर स्टूडेंट्स की प्रतिभा को परखा जाता है, जिसकी बदौलत उन्हें आगे बढ़ने का मौका मिलता है।
डीबी स्टार ने रांची कॉलेज में आयोजित रांची यूनिवर्सिटी इंटर कॉलेज यूथ फेस्टिवल के बारे जानी कुछ यूथ से उनकी राय :

कम्यूनिकेशन होता है बेहतर

यूथ फेस्टिवल के दौरान कई कॉलेज हिस्सा लेते हैं। इससे युवाओं का आपस में काफी तालमेल बढ़ता और कम्यूनिकेशन स्किल बेहतर होती है। दूसरे कॉलेजों से आए स्टूडेंट्स के साथ बातचीत करने के बाद उनकी संस्कृति और विचारों को जानने का अच्छा मौका मिलता है। -सुरेश मुंडा, बेड़ो कॉलेज

संस्कृति को बचाने का अच्छा मंच

यूथ फेस्टिवल में दर्जनों सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं जो हमारी संस्कृति से जुड़े हुए होते हैं। हमारे देश व समाज की संस्कृति को बचाए रखने व उस संस्कृति को आगे पहुंचाने के लिए यूथ फेस्टिवल एक अच्छा मंच है। अपनी संस्कृति के कई पहलुओं को जानने का मौका मिलता है। -
-अल्पना, पीजी रांची

आत्मविश्वास बढ़ता है

यूथ फेस्टिवल एक ऐसा मंच है जहां से हमें काफी कुछ सीखने को मिलता है। युवा अपनी प्रतिभा पहचान नहीं पाते या आत्म विश्वास की कमी के कारण प्रतिभा को लोगों के सामने नहीं ला पाते। यूथ फेस्टिवल के माध्यम से हम अपने अंदर खोए हुए आत्मविश्वास को जगा कर अपनी असली क्षमता को पहचान सकते हैं। -अंकिता, वीमेंस कॉलेज रांची

निखरता है व्यक्तित्व
यहां युवा अपनी प्रतिभा को निखारने के साथ-साथ व्यक्तित्व को भी निखारता है। स्पीच स्किल, कम्यूनिकेशन स्किल और पर्सनेलिटी डिवेलपमेंट को बढ़ाने में यूथ फेस्टिवल काफी अहम भूमिका निभाते हैं। युवाओं के लिए काफी अच्छा मंच है यूथ फेस्टीवल। - मनीषा सिंह, पीजी रांची
होता है मिट्टी से जुड़े रहने का अहसास

यूथ फेस्टिवल पूरी तरह से हमारी संस्कृति हमारी सभ्यता से जुड़े होते हैं। यूथ फेस्टिवल में आज भी कई पारंपरिक नृत्य, गान आदि प्रतियोगिता का आयोजन कराया जाता है। जिससे साफ जाहिर होता है कि हम आज भी अपनी मिट्टी से जुड़े हुए हैं। - भूमि, रांची कॉलेज

छोटा रियलटी शो है फेस्टिवल
टीवी पर आने वाले रियलटी शो की तरह ही यूथ फेस्टिवल में भी अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका मिलता है। कॉलेज में पढ़ने वाले युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए इससे अच्छा मंच नहीं मिल सकता। यूथ फेस्टिवल को छोटा रियलटी शो कहा जाए तो अतिशयोक्ति नहीं होगी। - शाहदेव सुमन, खूंटी

स्टूडेंट्स दिखाने लगे हैं काफी रुचि

कुछ समय पहले तक कॉलेज के छात्र-छात्राएं यूथ फेस्टिवल्स में इतनी भागीदारी नहीं करते थे , लेकिन जब से वेस्टर्न कल्चर का चलन बढ़ने लगा है। यूथ फेस्टिवल में भी युवाओं का रुझान काफी बढ़ने लगा है। जिसका एक बड़ा कारण यूथ फेस्टिवल से काफी कुछ सीखना भी है। - राजेश टाना भगत, एनसीसी कैडेट

यहां सीखते हैं बहुत कुछ

आज हम देखते हैं कि हमारे कुछ सीनियर ऐसे हैं तो यूथ फेस्टिवल में भाग लेते रहे हैं और आज उन्होंने मनोरंजन के क्षेत्र में काफी अच्छी जगह बना ली है। उन्हें देखकर हमें भी आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है कि हम भी उनकी तरह यूथ फेस्टिवल में भाग ले और सफलता के नए आयामों को छूने का प्रयास करें। - अभिषेक, मारवाड़ी कॉलेज

रोजगार भी मिलता है इससे

यूथ फेस्टिवल के माध्यम से युवाओं के लिए रोजगार के भी काफी अवसर मिलते हैं। हम देखते हैं कि जो हमारे सीनियर यूथ फेस्टिवल में अलग-अलग इवेंट्स में हिस्सा लेते रहे हैं। वो आज प्रफेशनल रूप में डायरेक्टर, म्यूजिक डायरेक्टर की भूमिका निभा रहे हैं। - जी टोपनो, जेएन कॉलेज

फेम देता है यूथ फेस्टिवल

आज के समय में सभी के अंदर कोई ना कोई प्रतिभा होती है, लेकिन युवा उसे पहचान नहीं पाते और उनकी प्रतिभा उनके पास तक ही सीमित हो कर रह जाती है। यूथ फेस्टिवल एक ऐसा मंच है जो हमें फेम में आने का मौका देता है और हमारी प्रतिभा जो अंधेरे में खोई रहती है उसे सामने लाने का काम करता है। - ललिता कुमारी, सिसई
आगे देखें कार्यक्रम की दो और तस्वीरें -
फोटो : अमित सिंह।