रांची। देश में सबसे पहले मैट्रिक और इंटर की परीक्षा झारखंड में शुरू हो रही है। राज्य भर में 16 फरवरी से शुरू होने वाली मैट्रिक और इंटर की परीक्षा में इस बार करीब 50 ऑब्जर्वर की नजर रहेगी। जैक ने सभी केंद्राधीक्षकों को निर्देश जारी किया है कि केंद्र पर चोरी हुई तो केंद्राधीक्षक पर कार्रवाई की जाएगी। कदाचार मुक्त परीक्षा के लिए झारखंड एकेडेमिक काउंसिल ने तैयारी लगभग पूरी कर ली है।
गौरतलब हो कि इस बार राज्य भर से मैट्रिक में 4 लाख 54 हजार और इंटर की परीक्षा में कुल तीन लाख आठ हजार परीक्षार्थी शामिल हो रहे है। मैट्रिक परीक्षा के लिए राज्यभर में कुल 899 और इंटर के लिए 338 परीक्षा केंद्र बनाए गए है। शांति पूर्ण परीक्षा संचालन के लिए सभी जिलों के उपायुक्तों को भी सहयोग के लिए जैक की ओर से पत्र भेजा गया है।
काम करेगा नियंत्रण कक्ष
परीक्षा के दौरान झारखंड एकेडमिक काउंसिल में मुख्य नियंत्रण कक्ष होगा। इसके अलावा दुमका प्रमंडल कार्यालय और मेदिनीनगर में भी नियंत्रण कक्ष काम करेगा। इसके अलावा सभी जिलों में भी परीक्षा के सफल संचालन के लिए डीईओ कार्यालय में नियंत्रण कक्षा काम करेगा।
किसी भी तरह का इलेक्ट्रानिक गैजेट पर रहेगी पाबंदी
झारखंड एकेडमिक काउंसिल ने परीक्षा केंद्र में परीक्षार्थियों को किसी भी तरह का इलेक्ट्रानिक गैजेट (
मोबाइल, पेजर, माइक्रोफोन आदि) ले जाने पर पाबंदी लगा दी है। अगर छात्रों को पास से इस तरह के उपकर पाए जाते है तो केंद्राधीक्षकों के साथ साथ परीक्षार्थियों पर भी कार्रवाई की जाएगी।
पहचान पत्र के साथ रहना है परीक्षा केंद्र में वीक्षकों को
दोनों परीक्षाओं के लिए सभी वीक्षकों के पहचान पत्र जारी किया गया है। सभी को निर्देश जारी किया गया है कि परीक्षा के दौरान केंद्र में वे अपना पहचान पत्र गले में लटका कर रखे। ताकि ये पता चल सके कि परीक्षा केंद्र में कोई बाहरी व्यक्ति तो प्रवेश नहीं किया है।