पटना. भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष विशेश्वर ओझा की हत्या पर भाजपा एकदम से भड़क गयी है। पार्टी ने नीतीश सरकार को हत्यारों की गिरफ्तारी के लिए 72 घंटे का अल्टीमेटम दिया है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मंगल पांडेय ने कहा कि सत्ता के संरक्षण में विरोधियों की आवाज दबाने की साजिश रची जा रही है।
मुख्यमंत्री अधिकारियों के साथ कानून व्यवस्था पर बैठक का नाटक कर रहे हैं। उनकी हनक और इच्छाशक्ति दोनों खत्म हो चुकी है। वे अपराध पर बैठक की नौटंकी तत्काल बंद करें।
यदि विशेश्वर ओझा के हत्यारों को 72 घंटे के अंदर गिरफ्तार नहीं किया गया तो भाजपा सरकार को चैन से बैठने नहीं देगी। पार्टी सांसद डॉ. सीपी ठाकुर ने कहा कि यह पूरी तरह से राजनीतिक हत्या है और बताता है कि राज्य सरकार कितनी पंगु हो चुकी है। कानून व्यवस्था अब उसके वश की बात नहीं रह गयी है।
पूर्व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने इस हत्याकांड पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री केवल अपराध नियंत्रण के लिए बैठकें कर रहे हैं लेकिन अपराधी बेलगाम हैं। मुख्यमंत्री की अपराध रोकने की इच्छा शक्ति समाप्त हो गई है।
विशेश्वर ओझा पहले जदयू में थे और फरवरी, 2005 में उनकी पत्नी शोभा देवी जदयू के टिकट पर शाहपुर से चुनाव लड़ी थी और उन्हें 21213 वोट मिले थे। नवम्बर, 2005 में शोभा देवी का नामांकन रद्द हो जाने के कारण उनके छोटे भाई की पत्नी मुन्नी देवी भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ी और 10 वर्षों तक वहां से विधायक रहीं। विशेश्वरओझा उनके क्षेत्र के कार्य में सहयोग करते थे। इस बार 2015 विधान सभा चुनाव में उन्होंने भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा और उन्हें 54745 वोट मिले थे।