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6 वर्ष पहले
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नई दिल्ली. काला धन मुद्दे पर केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा है कि 350 खातों का मूल्यांकन किया जा चुका है और बाकी खातों का मूल्यांकन 31 मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अक्टूबर में हमने स्विस अथॉरिटीज के पास एक डेलीगेशन भेजा था। दोनों के बीच एक ज्वाइंट एग्रीमेंट हुआ था जिसके तहत अगर स्विस अथॉरिटीज चुराए गए आंकड़ों के आधार पर सहयोग न करना चाहें तो हम उन्हें सबूत उपलब्ध कराएंगे। इसके बाद ही वे खातों की पुष्टि या फिर सबूत की सत्यता से इनकार करेंगे।
वित्त मंत्री ने कहा, ‘जो जानकारी आज सामने आई वह हमारे पास पहले से ही है। सवाल नामों का नहीं है बल्कि हमें सबूतों की जरूरत है।’ इस बीच, काले धन पर गठित एसआईटी ने एक आपात बैठक बुलाई है। ‘इंडियन एक्सप्रेस’ के खुलासे पर एसआईटी सूत्रों का कहना है कि यह खुलासा लूट का केवल एक हिस्सा भर ही है।

सूत्रों का कहना है कि आईटी कानूनों के अंतर्गत देश की विभिन्न अदालतों में मामले दर्ज हैं और आईटी अधिकारियों ने इन मामलों की जांच पूरी कर ली है। कानूनी रूप से भी इन मामलों की जांच 31 मार्च के पहले पूरी हो जाना चाहिए। सभी मामले 2008-2009 से संबंधित हैं। जेटली ने कहा, ‘इन नामों का खुलासा काला धन और भारतीयों के विदेश में अवैध खाते के मामलों पर अंकुश लगाने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता का हिस्सा है। आईटी विभाग बहुत तेजी से इन मामलों में सजा दिलाने के लिए कोशिश कर रहा है।’

सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जज न्यायमूर्ति एमबी शाह की अध्यक्षता में गठित एसआईटी ने दिसंबर 2014 में सुप्रीम कोर्ट को सौंपी अपनी रिपोर्ट में कहा था कि एचएसबीसी में काला धन रखने वाले सभी अकाउंट होल्डर्स के मामलों को तार्किक निष्कर्ष तक ले जाया जाएगा।
फ्लैशबैक : काला धन पर क्या थे मोदी के ‘बोल और वादे’
- ‘लोग कहते हैं कि अगर विदेशों से काला धन वापस आ गया और उसे गरीबों में बांटा गया तो हर गरीब आदमी को 3 लाख रुपए मिलेंगे।’
- अगर आप मुझे आर्शीवाद और एक मौका देंगे तो मैं सारा काला धन विदेश से वापस लाऊंगा।
- ‘जब हम काला धन वापस लाएंगे तो इसे नियमित रूप से वेतनधारकों को दिया जाएगा। हमें उनकी देशभक्ति का सम्मान करना चाहिए। जब तक हम काला धन वापस नहीं लाएंगे तब तक यह चोरी जारी रहेगी। इसलिए नए चोरों और मामलों को रोकने के लिए और सबको सबक सिखाने के लिए काला धन भारत लाया जाना जरूरी है।’
- ‘मैं किसी भी तरह विदेशों में जमा काला धन वापस भारत लेकर आऊंगा, और इस बात को निश्चित करूंगा कि यह पैसा गरीबों के विकास के लिए खर्च हो।’
- ‘आडवाणी जी काला धन के मुद्दे पर जागरुकता फैलाने के लिए यात्रा पर निकले। बाबा रामदेव ने भी यह मुद्दा उठाया, बीजेपी भी काला धन वापस लाने की लड़ाई लड़ रही है लेकिन कांग्रेस इस लड़ाई से बच रही है।’
- ‘विदेशी बैंकों में दुनिया भर का पैसा जमा है, लेकिन केंद्र सरकार इसे वापिस लाने के लिए कुछ नहीं कर रही। इसी से यह शक उपजता है कि केंद्र सरकार ने भी छुपाने के लिए कुछ किया है। सरकार को लोगों की कोई चिंता नहीं है।’