चंडीगढ़। केंद्रीय उप चुनाव आयुक्त विनोद जुत्शी ने कहा है कि बाढ़, सूखा जैसी प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित लोगों को प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री राहत कोष से सहायता राशि दिए जाने पर आदर्श आचार संहिता में कोई रोक नहीं है। इसी तरह मतदाताओं को प्रभावित न करने वाली पाइप लाइन और चल रहीं परियोजनाएं भी जारी रह सकती हैं। पूरी होने पर इनका उद्घाटन भी स्थानीय स्तर पर अधिकारियों द्वारा ही किया जा सकता है। इनके अलावा जो परियोजनाएं प्रशासनिक, तकनीकी और वित्तीय स्तर पर अनुमोदित हो चुकी हैं उन पर भी कोई रोक नहीं है।
जुत्शी वीरवार को यहां हरियाणा सरकार के अधिकारियों के साथ आदर्श आचार संहिता के पालन और अन्य बिंदुओं पर बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान आदर्श चुनाव आचार संहिता के संबंध में दिशा-निर्देशों पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी के माध्यम से भेजे गए सरकार के मामलों का निपटारा ४८ घंटों में करने के प्रयास किए जाएंगे।
उन्होंने प्रधानमंत्री जन-धन-योजना का उदाहरण देते हुए कहा कि कुछ राज्यों में उप-चुनावों को देखते हुए केंद्र सरकार ने चुनाव आयोग से अनुमति ली थी। इसी प्रकार महात्मा गांधी ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत रोजगार उपलब्ध करवाने के लिए रजिस्ट्रेशन तो किए जा सकेंगे, लेकिन कवर किए गए जिलों की संख्या बढ़ाने के लिए अनुमति लेनी होगी। जेड तथा जेड प्लस सुरक्षा श्रेणी प्राप्त व्यक्ति को सरकारी विश्राम गृहों में ठहरने की अनुमति होगी लेकिन वे वहां कोई राजनीतिक बैठक या पत्रकार वार्ता नहीं कर सकेंगे। इसी तरह २ अक्टूबर को गांधी जयंती पर राजनीतिक भाषणबाजी नहीं होगी। राज्य की वैधानिक संस्थाओं में भर्ती प्रक्रिया जारी रह सकती है।
आयोग से समन्वय के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त: जुत्शी के निर्देश पर मुख्य सचिव शकुंतला जाखू ने सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव राजबीर सिंह को एक सप्ताह के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। बाद में अतिरिक्त सचिव धनपत सिंह यह काम देखेंगे।