चंडीगढ़। हरियाणा में विधानसभा चुनाव के दौरान गठबंधन के स्टार प्रचारक प्रत्याशियों को भारी पड़ सकते हैं। अगर किसी स्टार प्रचारक ने किसी प्रत्याशी विशेष के लिए वोट मांगे तो उसका हैलीकॉप्टर समेत सारा खर्चा प्रत्याशी के खाते में जुड़ जाएगा। इसी तरह अगर कोई उम्मीदवार किसी स्टार प्रचारक के साथ हैलीकॉप्टर में बैठकर अपने हल्के में घूमता है तो उसका आधा खर्चा उसके खाते में भी जुड़ेगा। स्टार प्रचारकों के खर्चों को लेकर चुनाव आयोग ने गाइड लाइन जारी की हैं। हरियाणा में विधानसभा चुनाव के लिए खर्च की अधिकतम सीमा २८ लाख रुपए है।
इसके साथ ही चुनाव आयोग स्टार प्रचारकों और उनके भाषणों पर कड़ी निगरानी रखेगा। उनकी सभी पब्लिक मीटिंगों के भाषणों की वीडियो रिकॉर्डिंग करवाई जाएगी। इसका मकसद स्टार प्रचारकों के भाषणों को कैटेगराइज करना है। यदि किसी स्टार प्रचारक ने पब्लिक मीटिंग में केवल नीतियों और मुद्दों की बात करने के साथ ही संबंधित पार्टी को ही वोट देने की अपील की है तो प्रत्याशी के खाते में हैलीकॉप्टर आदि का खर्च नहीं जुड़ेगा। स्टार प्रचारक के हैलीकॉप्टर आदि का खर्च प्रत्याशी के खाते में तभी जुड़ेगा जब उसके लिए वोट मांगेगा। स्टार प्रचारकों की जनसभाओं के लिए चुनाव आयोग से अनुमति लेने की जरूरत नहीं होगी। हैलीकॉप्टर लैंडिंग के लिए उन्हें संबंधित जिला उपायुक्त से २४ घंटे पहले अनुमति लेनी होगी।
केवल अच्छा वक्ता ही नहीं हो सकता स्टार प्रचारक: चुनाव के दौरान ऐसे किसी व्यक्ति को स्टार प्रचारक नहीं बनाया जा सकेगा जो अच्छा वक्ता तो है, लेकिन किसी पॉलिटिकल पार्टी का सदस्य नहीं है। स्टार प्रचार के लिए किसी न किसी राजनीतिक दल का सदस्य होना जरूरी है।
यूं समझें चुनाव खर्चों की उलझन:
पार्टी का ही स्टार प्रचारक है तो : उदाहरण के तौर पर अगर कांग्रेस का कोई स्टार प्रचारक किसी हलके में प्रचार के लिए हैलीकॉप्टर से आता है और वहां प्रत्याशी के लिए वोट मांगता है तो ऐसी स्थिति में हैलीकॉप्टर का खर्चे की छूट रहेगी। केवल माइक, मंच, माला आदि का खर्च ही प्रत्याशी के खाते में जुड़ेगा।
स्टार प्रचारक खुद प्रत्याशी भी है तो: उदाहरण के तौर पर इनेलो नेता अभय चौटाला ऐलनाबाद से प्रत्याशी भी हैं और पार्टी के स्टार प्रचारक भी। वे यदि अपने हलके में ही हैलीकॉप्टर से चुनाव प्रचार करेंगे तो सारा खर्चा उनके ही खाते में जुड़ेगा। बशर्ते वे अपने लिए वोट मांगें। यदि वे अन्य हलकों में जाकर केवल पार्टी के लिए वोट मांगते हैं तो सारा खर्चा पार्टी के खाते में और प्रत्याशी का नाम लेकर वोट मांगेंगे तो प्रत्याशी के खाते में जुड़ेगा।
गठबंधन के स्टार प्रचारक हैं तो: उदाहरण के तौर पर हजकां और एचजेसीपी का गठबंधन है। यदि हजकां प्रमुख कुलदीप विश्नोई एचजेसीपी के उम्मीदवारों के लिए उनके हलके में जाकर वोट मांगते हैं तो उनके हैलीकॉप्टर आदि का सारा खर्चा उस प्रत्याशी के खाते में जुड़ जाएगा। यही स्थिति अन्य गठबंधन के स्टार प्रचारकों और प्रत्याशियों के मामले में होगी।
स्टार प्रचारक के साथ प्रत्याशी भी हैलीकॉप्टर में सफर करे तो: उदाहरण के तौर प्रधानमंत्री
नरेंद्र मोदी की महेंद्रगढ़ में जनसभा होती है और वहां के प्रत्याशी एवं प्रदेशाध्यक्ष प्रो. रामबिलास शर्मा उस जनसभा में मोदी के साथ हैलीकॉप्टर में बैठकर आते हैं तो उस हैलीकॉप्टर का आधा खर्चा प्रो. रामबिलास शर्मा के खाते में जुड़े जाएगा। अगर रामबिलास मोदी के साथ हैलीकॉप्टर में नहीं बैठते हैं तो हैलीकॉप्टर के खर्चे से छूट रहेगी। यदि मोदी निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार एक से अधिक प्रत्याशियों के हलके में पब्लिक मीटिंग लेने जाते हैं तो हैलीकॉप्टर का सारा खर्चा उन सभी प्रत्याशियों में बराबर बंट जाएगा।