चंडीगढ़। पिछले तीन महीनों से सुखना लेक के साथ साथ धनास की लेक और वाइल्ड लाइफ सेंक्चुरी में डेरा डालने वाले माइग्रेटरी बड्र्स अब धीरे धीरे वापस यहां से उड़ने लग गए हैं। इस बार अकेले सुखना लेक में ही करीब 1000 से 1500 तक माइग्रेटरी बड्र्स पहुंचे थे।
सारे माइग्रेटरी बर्डस वापस जाएंगे लौट
-इनमें कई पक्षी सेंट्रल एशिया तो कई पक्षी हिमालयन तक से उड़ कर यहां पहुंचे थे। हालांकि अभी कुछ कॉमन पोचार्ड और कुछ दूसरी कैटेगरी के पक्षी अभी भी लेक में ही डेरा डाले हुए हैं लेकिन वाइल्ड लाइफ डिपार्टमेंट के अफसरों की मानें तो इस बार फरवरी के आखिर तक यहां से सारे माइग्रेटरी बडर्स वापस लौट जाएंगे।
-जिसकी प्रमुख वजह दिन में तापमान का बढ़ जाना ही है। सुखना लेक के पीछे कई छोटे छोटे पानी के सोर्सेज हैं जहां पर भी ये प्रवासी पक्षी आते हैं।