भोपाल। बरकतउल्ला यूनिवर्सिटी से संबद्ध शहर के मास्टर आॅफ एजुकेशन (एमएड) कोर्स संचालित ग्यारह में से सात कॉलेजों की मान्यता नेशनल असेसमेंट एंड एक्रेडिटेशन काउंसिल (नैक) के मूल्यांकन के कारण अटक गई है। नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन (एनसीटीई) ने शहर के दो कॉलेजों को शोकाज नोटिस जारी कर दिया है, जबकि बाकी कॉलेजों से नैक मूल्यांकन की रिपोर्ट तलब की है।
शहर के फिलहाल केवल चार कॉलेजों की ही मान्यता को बरकरार रखा गया है। इस रिपोर्ट के बाद बीयू की एमएड परीक्षा कुछ समय के लिए और टल गई है। एमएड के सत्र 20-13-14 की परीक्षाएं अभी होना बाकी है।
एनसीटीई ने भोपाल सहित प्रदेश के एमएड कोर्स संचालित ३७ कॉलेजों की समीक्षा रिपोर्ट जारी कर दी है। इनमें भोपाल के ही ग्यारह कॉलेज शामिल हैं। इनमें से ज्यादातर कॉलेजों के पास अभी भी नैक के मूल्यांकन की रिपोर्ट नहीं होने के कारण इनकी मान्यता पर छाए संकट के बादल साफ नहीं हो सके हैं। एनसीटीई ने इन कॉलेजों से एमएड के लिए अनिवार्य नैक की रिपोर्ट मांगी थी। कॉलेजों ने जवाब में एनसीटीई को नैक की टीम द्वारा दौरा करने की जानकारी देकर मान्यता बरकरार रखने की अपील की थी। लेकिन एनसीटीई ने अपील को खारिज कर नैक मूल्यांकन के बाद ही कॉलेजों की मान्यता के मामले में आगे कोई फैसला करने की बात कही है। एनसीटीई ने कॉलेजों को नैक की रिपोर्ट जमा करने के लिए दो महीने का समय दिया गया है। उधर, बीयू रजिस्ट्रार एलएस सोलंकी ने उन्हीं कॉलेजों के छात्रों को परीक्षा में शामिल करने की बात कही है जिनके पास एनसीटीई की मान्यता होगी।
इन्हें मिला शोकाज
शहर के जिन दो कॉलेजों को शोकाज नोटिस जारी किया गया है उनमें तीरथ इंस्टिट्यूट और श्री इंस्टिट्यूट आॅफ टीचर एजुकेशन शामिल हैं। इन दोनों काॅलेजों ने एनसीटीई की कार्रवाई के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। कोर्ट ने दोनों की कॉलेजों की याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट के फैसले के बाद एनसीटीई ने दोनों कॉलेजों को शोकाज नोटिस जारी कर नैक के मूल्यांकन की रिपोर्ट जमा करने को कहा है।
इनकी मान्यता बरकरार
एनसीटीई ने अाईईएस कॉलेज आॅफ एजुकेशन, संत हिरदाराम कॉलेज, भाभा कॉलेज ऑफ एजुकेशन और क्राइस्ट कॉलेज की मान्यता बरकरार रखी है। इन कॉलेजों की मान्यता बरकरार रखने का निर्णय नैक मूल्यांकन की रिपोर्ट के आधार पर लिया गया है। इन सभी कॉलेजों के पास नैक का मूल्यांकन होना पाया गया है।
इनकी मान्यता अधर में
शहर के मिलेनियम कॉलेज ऑफ एजुकेशन, जवाहरलाल नेहरू पीजी कॉलेज, कमला नेहरू कॉलेज, मल्होत्रा कॉलेज और मदन महाराज कॉलेज की एमएड कोर्स की मान्यता अभी भी अधर में है। इन कॉलेजों ने मान्यता के लिए एनसीटीई को नैक की टीम का दौरा किए जाने की जानकारी दी है। लेकिन एनसीटीई ने वर्ष 2009 में पारित एक्ट का हवाला देते हुए सभी कॉलेजों के पास वर्ष 2011 में ही नैक का मूल्यांकन करा लेने की बात कहकर अपील खारिज कर दी है। इन कॉलेजों को नैक मूल्यांकन की रिपोर्ट जमा करने के लिए दो महीने का समय दिया गया है।