लोकायुक्त टीम ने शनिवार सुबह पिपलानी थाने के ASI भरत सिंह तोमर को एक लाख रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा है। वे TI सुबोध कुमार सिंह के लिए यह रकम ले रहे थे। लोकायुक्त की कार्रवाई के दौरान एएसआई के चेहरे पर जरा भी सिकन नजर नहीं आई।
भोपाल। बरखेड़ा पठानी स्थित करीब छह करोड़ रुपए कीमत की 3.55 एकड़ जमीन के विवाद में एक आरोपी विजय श्रीवास्तव को लाभ पहुंचाने के लिए रिश्वत ले रहे पिपलानी थाने के एएसआई भारत सिंह तोमर आैर उसके साथी डेरी संचालक देवेंद्र सिंह राजपूत को शनिवार की सुबह लोकायुक्त पुलिस ने इंद्रपुरी क्षेत्र में एक लाख रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। यह रिश्वत पिपलानी थाना प्रभारी सुबोध कुमार सिंह तोमर के कहने पर वसूली जा रही थी। लोकायुक्त पुलिस ने थाना प्रभारी तोमर को भी भ्रष्टाचार के इस मामला में आरोपी बनाया है।
लोकायुक्त पुलिस के मुताबिक तीन दिन पहले ऋषि ईस्ट सिटी बरखेड़ा पठानी निवासी प्रापर्टी डीलर विजय श्रीवास्तव ने शिकायत की थी कि जमीनी विवाद की एक झूठी शिकायत में फंसाने की धमकी देकर पिपलनी थाना प्रभारी सुबोध कुमार सिंह तोमर आैर एएसआई भारत सिंह तोमर द्वारा पांच लाख रुपए की मांग की गई थी। उनका कहना था कि पांच लाख रुपए देने पर उसके खिलाफ शिकायत की जांच पक्ष में कर दी जाएगी। अंत में ढाई लाख रुपए देने पर जांच बंद करना तय हुआ था। थाना प्रभारी के कहने पर रिश्वत की राशि एएसआई तोमर को देनी थी। इस शिकायत के बाद लोकायुक्त पुलिस ने विजय श्रीवास्तव आैर टीआई सुबोध कुमार सिंह के बीच हुई बातचीत को रिकोर्ड करने के बाद टीआई आैर एएसआई के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी।
एएसआई भारत सिंह लगातार विजय श्रीवास्तव पर दबाव बना रहा था कि वह रकम जल्द से जल्द दे। बाद में भारत सिंह ने तय किया कि पहली किश्त के एक लाख रुपए सीधे विजय से नहीं लिए जाएंगे। रकम विजय के साथी मुनीस कुमार मलिक के माध्यम से ली लाएगी। भारत सिंह को मलिक के लहारपुर स्थित घर से रकम लेनी थी। शनिवार की सुबह एएसआई ने मलिक को एक लाख रुपए लेकर इंद्रपुरी में अनंतश्री अस्पताल के पास बुलाया। मलिक ने अनंतश्री अस्पताल के पास पहुंचने की जानकारी भारत सिंह को दी तो उसने उन्हें पहले तो इधर-उधर भटकाया फिर अनंतश्री अस्पताल के सामने मेधा अस्पताल के पास रुकने को कहा।
इधर, लोकायुक्त पुलिस घेराबंदी कर रही थी। एएसआई तोमर खुद रुपए लेने नहीं पहुंचा उसने अस्पताल के सामने ही सांची पार्लर चलाने वाले देवेंद्र सिंह राजपूत को रकम लाने मलिक के पास भेजा। जैसे ही राजपूत ने मलिक से नोट का बंडल दिया लोकायुक्त पुलिस ने उसे पकड़ लिया।
जब एएसआई तोमर रुपए लेने पहुंचा तो लोकायुक्त पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मौके पर ही जब्ती आैर गिरफ्तारी की कार्रवाई करने के बाद दोनों को मुचलके पर छोड़ दिया। रात्रि गश्त पर होने के कारण इस मामले टीआई सुबोध कुमार सिंह तोमर की गिरफ्तारी नहीं हो सकी।
यह है मामला...
कल्पना नगर निवासी भेल व्यापारी महासंघ के महामंत्री मदन बालानी की पिपलानी स्थित गांधी मार्केट में कपड़े की दुकान है। बालानी ने दो साल पहले बरखेड़ा पठानी की अपनी 3.55 एकड़ जमीन प्रापर्टी डीलर विजय श्रीवास्तव को बेची थी। विजय ने जमीन की रजिस्ट्री अपनी पत्नी कविता श्रीवास्तव के नाम कराई थी। विजय ने 72 लाख रुपए नगदी देने के बाद 4.28 करोड़ के अलग-अलग तारीखों के छह चेक बालानी को दिए थे। जब बालानी ने चेक अपने खाते में जमा किए तो विजय श्रीवास्तव ने उन्हें स्टाप पैमेंट करा दिया। बालानी ने जब अपनी रकम मांगी तो विजय श्रीवास्तव ने उन्हें धमकियां देनी शुरू कर दी।
इस संबंध में मदन बालानी ने गृहमंत्री, पुलिस महानिदेशक, डीआईजी समेत अन्य अधिकारियों को शिकायत की थी। उनकी एक शिकायत पर थाना गोविंदपुरा में जांच लंबित है। इस बीच बालानी ने 24 नवंबर को एक आवेदन पिपलानी थाने में भी दिया था। इसकी जांच एसआई मोहन गुप्ता को सौंपी गई थी। इस शिकायती आवेदन में विजय श्रीवास्तव को बचाने के लिए पांच लाख रुपए मांगे गए थे।