जानिए, ठंड में बीमार होने से कैसे बचें?
भोपाल। मावठा पड़ने के बाद अब अचानक तापमान गिरने की संभावना बढ़ गई है। तापमान में अचानक भारी फेरबदल होने की वजह से शरीर पर इसका प्रभाव पड़ता है और बीमारियां शुरू हो जाती है। खासतौर पर बच्चे और बुजुर्गों को यह मौसम अपनी गिरफ्त में ले लेता है जिससे थ्रोट इंफेक्शन, निमोनिया सहित अन्य बीमारियां शुरू हो जाती है। दैनिक भास्कर डॉट कॉम आपको बता रहा है कि क्या बचाव करके आप इस मौसम में भी स्वस्थ्य रह सकते हैं?
बच्चों और बुजुर्गों पर क्या पड़ता है असर?
- डॉ. दीपक चतुर्वेदी बताते हैं कि बारिश के बाद तापमान अचानक गिरने से बच्चों को थ्रोट इंफेक्शन और निमोनिया जैसी बीमारी होती है।
- बार-बार थ्रोट इंफेक्शन का असर दिल पर भी पड़ता है और इससे दिल कमजोर होता है।
- फेफड़े के संक्रमण और लकवाग्रस्त लोगों को ब्रेन अटैक और हार्ट अटैक की संभावना बढ़ जाती है।
- किडनी समस्या और डायबिटीज से जूझ रहे लोग निमोनिया और इंफ्लूएंजा से घिर जाते हैं।
कैसे बचें?
- हीटर या एसी की मदद से कमरे का तापमान २५ डिग्री के ऊपर बनाए रखें।
- गर्म कपड़े जरूर पहने रखें।
- खट्टी और ठंडी चीजों से परहेज करें तो बेहतर होगा क्योंकि ठंडी या खट्टी चीजें खाने से थ्रोट इंफेक्शन बहुत जल्दी होता है।
- बुजुर्गों को दिन में धूप जरूर सेंकनी चाहिए, इससे विटामिन डी तो मिलता ही है साथ ही शरीर के संक्रमण भी खत्म हो जाते हैं।
- निमोनिया अौर इंफ्लूएंजा से बचने के लिए बुजुर्गों को वैक्सीन लगवाना चाहिए।
- सभी लोगों को गुनगुना पानी ही पीना चाहिए, इससे गले में होने वाले संक्रमण अपने आप खत्म हो जाते हैं।