भोपाल। ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (एम्स) भोपाल में गुरुवार को "यौन स्वास्थ्य और शिक्षा' विषय पर वर्कशॉप का आयोजन किया गया। इस वर्कशॉप में शामिल लोगों ने एक्सपर्ट्स से सेक्स संबंधी भ्रांतियों से जुड़े कई सवाल पूछे। वर्कशॉप में शामिल एक्सपर्ट पैथोलॉजी विभाग की प्रमुख डॉ. नीलकमल कपूर ने बताया कि, एम्स में महीने में एक बार सेक्सुअल हेल्थ पर वर्कशॉप का आयोजन किया जाएगा। इसमें शामिल होने के लिए ओपीडी पर निःशुल्क रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है।
यह वर्कशॉप एम्स के पैथोलॉजी, एनाटॉमी, फैमिली एंड कम्यूनिटी मेडिसिन और मनोचिकित्सा विभाग ने मिलकर आयोजित की थी। वर्कशॉप की शुरुआत करते हुए भोपाल एम्स के अधीक्षक डॉ. केसी तमारिया ने कहा कि आज के समय में यूथ के लिए सेक्स एजुकेशन काफी आवश्यक है। गलत जानकारियों की वजह से उन्हें की बार परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने भविष्य में किशोर स्वास्थ्य पर भी वर्कशॉप करने की बात कही।
इंटरनेट पर अधूरी जानकारी
वर्कशॉप में सवालों के जवाब दे रही गायनी विभाग की प्रमुख डॉ. रागिनी मेहरोत्रा ने कहा कि इंटरनेट पर आधा- अधूरा ज्ञान है। वहां पढ़कर जानकारी हासिल करने के बाद उसे डॉक्टर किसी एक्सपर्ट से क्रॉस चेक जरूर करवाएं।
कॉलेज स्टूडेंट्स के लिए भी होगी वर्कशॉप
कम्यूनिटी एंड फैमिली मेडिसिन के विभागाध्यक्ष डॉ. अरुण कोकने ने बताया कि एम्स शहर के विभिन्न कॉलेज के स्टूडेंट्स के लिए वर्कशॉप आयोजित करेगा। इसके लिए प्रमुख कॉलेज को पत्र लिखकर ट्रेनिंग के लिए अपने स्टूडेंट्स भेजने को कहा जाएगा।