इंदौर. इंदौर में स्वाइन फ्लू के लक्षण और पुष्टि के लिए सरकारी लेबोरेटरी स्थापित करने के लिहाज से एक जनहित याचिका हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ में दायर की गई है। प्रशासनिक जस्टिस
पीके जायसवाल, जस्टिस एससी शर्मा की डिविजन बेंच ने इस पर स्वास्थ्य विभाग समेत कई विभागों को नोटिस जारी किए हैं।
अधिवक्ता अजय बागड़िया,
अमित मिश्रा ने यह जनहित याचिका दायर की है। कोर्ट को बताया गया कि मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा मामले इंदौर में स्वाइन फ्लू से मौत के सामने आ रहे हैं। जो सैंपल लिए जाते हैं वह जांच के लिए जबलपुर भेजे जाते हैं। इस रोग की पुष्टि होने में वक्त लगता है। तब तक मरीज की हालत और गंभीर हो जाती है। उसकी मौत तक हो जाती है। इंदौर प्रदेश की व्यवसायिक राजधानी है। यहां से सबसे ज्यादा राजस्व जाता है। हेल्थ सेक्टर के मामले में भी इंदौर अव्वल है। केवल एक लेब स्थापित करने में सरकार को परेशानी आ रही है। कोर्ट ने सरकार से चार सप्ताह में जवाब मांगा है।