इंदौर. दस से ज्यादा स्कीमों में जमीनें न मिलने से अटके कई प्रोजेक्ट को लेकर अब आईडीए ने फिर कवायद शुरू की है। नगर निगम चुनाव के चलते लगी आचार संहिता खत्म होते ही आईडीए बोर्ड के सदस्यों की अफसरों के साथ अनौपचारिक बैठक हुई। करीब दो घंटे चली इस बैठक में पुराने प्रोजेक्ट के साथ स्कीम वार कहां-कितनी समस्या है, उसको रिकॉल किया गया। तय हुआ कि प्राथमिकता के आधार पर स्कीमवार आपसी सहमति से जमीनें लेना होगी। इसके लिए बोर्ड सदस्य भी अपने स्तर पर पहल करेंगे।
आईडीए अध्यक्ष शंकर लालवानी की मौजूदगी में हुई इस बैठक में सदस्यों ने देरी को लेकर सवाल उठाए। भू-अर्जन के लिए आई शासन की नीति और आईडीए द्वारा जस्टिस कोकजे की अध्यक्षता में बनी कमेटी द्वारा दिए गए सुझावों पर भी विचार हुआ कि इन्हें किस तरह अमल में लाया जाए। लालवानी के मुताबिक भू-अर्जन में कार्रवाई तेज करना है, इसलिए तय हुआ कि किसानों से बातचीत जल्द से जल्द हो। अगले दो-तीन दिन में किसानों से बातचीत की तारीख भी तय कर ली जाएगी। बैठक में उपाध्यक्ष ललित पोरवाल, संचालक विजय मालानी, सीईओ दीपक सिंह सहित विभागीय अधिकारी मौजूद थे।