इंदौर. देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी की पीएचडी प्रवेश परीक्षा अब हर साल जून में सीईटी (कॉमन एंट्रेस टेस्ट) के साथ होने पर निर्णय हो गया है। अब इसकी औपचारिक प्रक्रिया भी आरंभ कर दी गई है। आने वाले दिनों में इसकी पहली बैठक नेशनल यूथ फेस्टिवल के बाद होगी। यह 12 से 16 फरवरी तक चलेगा। इसके बाद 20 फरवरी तक पहली बैठक होगी।
बताते हैं कि कुलपति ने भी इस पर सहमति दे दी है। ताकि समय औैर मैन पॉवर दोनों बचे। होगी। प्रबंधन ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है। केवल सीईटी के साथ कुछ नए केंद्र बनाने पड़ेंगे। वैसे भी प्रबंधन का कहना है कि पीजी (पोस्ट ग्रेजुएशन) के आखिरी सेमेस्टर के रिजल्ट मई-जून में ही आते हैं। ऐसे में पीएचडी प्रवेश परीक्षा में वे सभी छात्र भी तत्काल शामिल हो सकेंगे। साथ ही हर साल तय समय में पीएचडी कोर्स वर्क और आरडीसी की बैठकें भी हो जाएंगी। डीएवीवी ने इसका पूरा शेड्यूल तैयार कर लिया है। कुलपति डॉ. डी.पी. सिंह से चर्चा के बाद इसे अंतिम तौर पर लागू किया जाएगा।
डॉ. गणेश कावड़िया(पीएचडी सेल प्रभारी) का कहना है कि किसी भी स्थिति में हमारी कोशिश है कि दोनों प्रवेश परीक्षा साथ हों। ताकि छात्रों को भी परेशानी न हो और समय पर दोनों परीक्षाएं हो जाएं।