पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर
डाउनलोड करेंइंदौर/धार। वसंत पंचमी (12फरवरी) पर मप्र के धार में भोजशाला पर पूजा और नमाज एक साथ कराना मप्र सरकार के लिए के बड़ा सिरदर्द बन गया है। दिनभर पूजा को लेकर आरएसएस के कड़े तेवर ने सरकार की चिंता और बढ़ा दी है। इस समस्या से निकलने के लिए सीएम शिवराजसिंह चौहान के मंत्री नरोत्तम मिश्र यहां डाले हुए हैं और दोनों ही पक्षों को साधने में लगे हु हैं।
इसलिए चिंतित है सरकार ...
आरएसएस ने भाजपा के संगठन महामंत्री अरविंद मेनन के जरिए प्रदेश सरकार को दो टूक संदेश दिया है कि पूजा खंडित नहीं होना चाहिए।
- संघ की नसीहत मिलने के बाद मेनन ने जिले के प्रभारी मंत्री नरोत्तम मिश्रा को धार तलब किया और बंद कमरे में लंबी चर्चा की।
- इसके बाद दोनों मंत्री भोज उत्सव समिति संरक्षक विजयसिंह राठौर और पदाधिकारियों से मिले लेकिन उन्होंने पूजा का कार्यक्रम बदलने से मना कर दिया नहीं बदलेगा।
- सरकार दोनों पक्षों से बात कर कोर्ट और पुरातत्व विभाग द्वारा दिए निर्देश अनुसार कार्यक्रम करवाना की कोशिश में लगा है, लेकिन दोनों पक्ष इसके लिए राजी नहीं।
विवाद की वजह...
- एक ही जगह पर मस्जिद और मंदिर होने से परिसर में पूजा और नमाज दोनों होती है। लेकिन इस बार शुक्रवार को वसंत पंचमी है और नमाज भी होना है, इसलिए यह विवाद बढ़ गया है। हिंदू समाज पूरे दिन पूजा करना चाहता है तो मुस्लिम समाज नमाज अदा करना चाहता है।
भोज उत्सव समिति ने हर बार की तरह इस बार भी पूजा का कार्यक्रम सूर्योदय से सूर्यास्त तक का जारी किया है। वर्ष 2013 में प्रशासन ने पुरातत्व विभाग द्वारा जारी किए गए कार्यक्रम के तहत सख्ती दिखाकर एक बजे पूजा बंद करवा दी थी, लेकिन वर्ष 2006 की वसंत पंचमी पर पूजा और नमाज साथ-साथ हुई थी। हालांकि बाद में असामाजिक तत्वों ने उत्पात मचाने की कोशिश की थी, लेकिन इस बार प्रशासन ज्यादा अलर्ट है। ऐसे में सरकार को लगता है कि 2006 के फार्मूले के तहत पूजा और नमाज शांति से पूरी करवाई जा सकती है।
आगे की स्लाइड्स पर देखें फोटोज...
Copyright © 2021-22 DB Corp ltd., All Rights Reserved
This website follows the DNPA Code of Ethics.