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दो बार के सिल्वर मेडल से संतुष्ट नहीं थे संजीव, जिद ऐसे की तीसरी बार जीता लिया गोल्ड

3 वर्ष पहले
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यमुनानगर(हरियाणा)। सुबह साढ़े नौ बजे टीवी पर देखा तो बेटे संजीव राजपूत के गोल्ड जीतने की खबर फ्लैश हो रही थी। 11 बजे बेटे संजीव की कॉल आई। हैलो की तो बेटे का जवाब आया कि पापा गोल्ड जीत लिया है। मैंने जवाब दिया कि यह खबर तो उन्हें सुबह नौ बजे ही मिल गई थी। तभी बेटा बोला कि सोचा तो था जीत के तुरंत बाद फोन करूं, लेकिन जीत के बाद यहां पर मीडिया और लोगों ने ऐसा घेरा हुआ था कि मौका ही नहीं मिला।

 

- यह सब बताते हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में शूटिंग में गोल्ड जीतने वाले संजीव राजपूत के पिता कृष्णलाल राजपूत के चेहरे पर बेटे की जीत की खुशी साफ झलक रही थी। 
- ग्लास्को में चल रहे 21वें कॉमनवेल्थ गेम में जगाधरी की तेजली कॉलोनी के निवासी 37 वर्षीय संजीव राजपूत ने 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस में गोल्ड मेडल जीता।

- संजीव ने कुल 454.5 का स्कोर करते हुए गेम रिकॉर्ड के साथ गोल्ड मेडल पर कब्जा जमाया। दूसरे स्थान पर रहे ग्रेजगोर्ज स्याच ने 448.4 का स्कोर किया।

- इंग्लैंड के डीन बेल ने 441.2 का स्कोर करते हुए ब्रॉन्ज पर कब्जा किया। 

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