पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

स्कूल के अंदर और बाहर भरा दूषित पानी

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

दूषित पानी में से होकर बच्चे को स्कूल छोडने जा रही मां बच्चो के साथ।

कुराली| एक तरफ तो शिक्षा विभाग द्वारा सरकारी स्कूलों का स्मार्ट बनाए जाने के य|ों और दाबे किए जा रहे है लेकिन सरकार के इन दाबो में कितनी सच्चाई है इसका अनुमान समीप गांव लखनौर के सरकारी प्राइमरी स्कूल से लगाया जा सकता है। स्कूल की इमारत की खानापूर्ति और किए खर्च के बाद गांव का दूषित पानी स्कूल में दाखिल होने कारण स्कूल छप्पड़ बना हुआ है। इस कारण बच्चों, स्टाफ और गांववासियों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

कुराली-खरड राष्ट्रीय मार्ग पर आते गांव लखनौर के सरकारी प्राइमरी स्कूल को अध्यापकों द्वारा गांववासियों के सहयोग से रंग रोगन करवा कर नया रूप दिया है। सरपंच नसीब कौर ने संपर्क करने पर बताया कि स्कूल के आगे और अंदर जमा होते निकासी पानी की समस्या उनके ध्यान में है । उन्होंने कहा कि इस संबंधी पंचायत की ओर से मता पास करके विभाग को भेजा गया है। ताकि समस्या का हल निकाला जा सके।

जिला शिक्षा अफसर (एलीमैंट्री) गुरप्रीत कौर ने कहा कि मामला उनके ध्यान में है। उन्होंने कहा कि स्कूल काफी पुराना होने कारण सडक से नीचे है। जिस कारण यह समस्या पेश आ रही है। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा पंचायत के सहयोग के साथ समस्या के हल के लिए य| किए जा रहे है।

सरकारी स्कूलों में जहां स्टूडेंट्स की संख्या दिन प्रतिदिन कम होती जा रही है वही लखनौर का प्राइमरी स्कूल सफलतापूर्वक चल रहा है। स्कूल में इस समय 70 बच्चे पढ़ रहे है। जो अन्य स्कूलों से ज्यादा अच्छी मानी जा रही है। इसके अतिरिक्त स्कूल स्टाफ द्वारा बच्चों की संख्या बढाने के लिए ओर य| किए जा रहे है।
खबरें और भी हैं...