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39 साल बाद ईरान में महिलाओं ने देखा फुटबॉल मैच, मोरक्को पर जीत के बाद सरकार ने लिया फैसला

सेंट पीटर्सबर्ग स्टेडियम में मैच में ईरान में महिलाओं को स्टेडियम में प्रवेश देने के समर्थन में पोस्टर देखे गए थे।

Dainik Bhaskar

Jun 21, 2018, 12:15 AM IST
मोरक्को के खिलाफ जीत के बाद ईरान की महिलाओं ने तेहरान की सड़कों पर जमकर जश्न मनाया था। -फाइल मोरक्को के खिलाफ जीत के बाद ईरान की महिलाओं ने तेहरान की सड़कों पर जमकर जश्न मनाया था। -फाइल

  • ईरान में महिलाएं को बिना बुर्का पहने सड़क पर चलने की इजाजत नहीं है
  • हिजाब की अनिवार्यता के चलते खेलने से मना कर चुकी हैं 2 भारतीय एथलीट

तेहरान. फुटबॉल विश्व कप में ईरान और स्पेन के बीच रूस के कजान एरिना में हुए मैच का सीधा प्रसारण यहां के आजादी स्टेडियम में लगी बड़ी स्क्रीन पर भी किया गया। स्टेडियम में पुरुषों के साथ महिलाओं ने भी मैच देखा। 1979 के बाद यह पहला मौका है जब ईरान में महिलाओं ने पुरुषों के साथ स्टेडियम में फुटबॉल मैच देखा।

मोरक्को पर जीत के बाद ईरान में सड़कों पर महिलाओं ने मनाया था जश्न

- ईरान ने फुटबॉल विश्व कप में ग्रुप बी के अपने पहले मैच में मोरक्को को हरा दिया था। इस जीत से उत्साहित ईरानी प्रशंसकों ने अपने देश में सड़कों पर जमकर जश्न मनाया। इनमें महिलाएं भी काफी संख्या में थीं।

- इसके बाद तेहरान की प्रांतीय काउंसिल ने 1,00,000 क्षमता वाले तेहरान के सबसे बड़े आजादी स्टेडियम में महिला दर्शकों को प्रवेश करने की मंजूरी दी। स्टेडियम में ईरान और स्पेन के खिलाफ मैच के लिए 10,000 टिकट बेचे गए। इनकी कीमत 2 यूरो से कम थी।

- 1979 में हुए इस्लामिक क्रांति के बाद से ईरान में पुरुषों के खेल के दौरान महिलाओं को स्टेडियम में प्रवेश प्रतिबंधित है। तब से अब यह पहला मौका है, जब महिलाओं ने स्टेडियम में जाकर मैच देखा।

भविष्य में महिलाओं को मिल सकते हैं और अधिकारः तैयबा सियावोशी
- ईरान में महिला अधिकारों के लिए आवाज उठाने वाली सांसद तैयबा सियावोशी ने कहा, "सरकार का यह फैसला भविष्य में बनने वाली नीति में

महिलाओं को और अधिक आजादी देने का मार्ग प्रशस्त करेगा।" स्टेडियम में पुरुषों के साथ महिलाओं को भी मैच देखने की मंजूरी देने की तैयबा लंबे समय से मांग कर रही थीं।

- तैयबा ने सरकारी समाचार एजेंसी इसना से कहा, "एक बार दर्शक सिद्धांतों के प्रति आदर दर्शाते हैं, तो हमें उम्मीद है कि 25 जून को ईरान और पुर्तगाल के बीच होने वाले मैच को भी उसी स्टेडियम में बड़ी स्क्रीन पर महिलाएं देख सकेंगी।"

- ईरान के बहुत से मौलवियों ने महिलाओं को स्टेडियम में प्रवेश करने की मंजूरी देने का विरोध किया है। उनका कहना है कि उन्हें पुरुष प्रधान महौल को बनाए रखने की जरूरत है। हालांकि इस व्यवस्था की राजनीतिक गलियारे में आलोचना होती रही है।

अपने देश की जीत पर ईरानी महिलाओं ने तेहरान में कुछ इस तरह खुशी जाहिर की थी। -फाइल अपने देश की जीत पर ईरानी महिलाओं ने तेहरान में कुछ इस तरह खुशी जाहिर की थी। -फाइल
तेहरान की सड़कों पर पुरुषों के साथ ईरानी महिलाओं ने भी अपनी देश की जीत का जश्न मनाया था। -फाइल तेहरान की सड़कों पर पुरुषों के साथ ईरानी महिलाओं ने भी अपनी देश की जीत का जश्न मनाया था। -फाइल
मोरक्को के खिलाफ मैच के दौरान रूस के सेंट पीटर्सबर्ग स्टेडियम में भी ईरानी प्रशंसक मौजूद थी। -फाइल मोरक्को के खिलाफ मैच के दौरान रूस के सेंट पीटर्सबर्ग स्टेडियम में भी ईरानी प्रशंसक मौजूद थी। -फाइल
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मोरक्को के खिलाफ जीत के बाद ईरान की महिलाओं ने तेहरान की सड़कों पर जमकर जश्न मनाया था। -फाइलमोरक्को के खिलाफ जीत के बाद ईरान की महिलाओं ने तेहरान की सड़कों पर जमकर जश्न मनाया था। -फाइल
अपने देश की जीत पर ईरानी महिलाओं ने तेहरान में कुछ इस तरह खुशी जाहिर की थी। -फाइलअपने देश की जीत पर ईरानी महिलाओं ने तेहरान में कुछ इस तरह खुशी जाहिर की थी। -फाइल
तेहरान की सड़कों पर पुरुषों के साथ ईरानी महिलाओं ने भी अपनी देश की जीत का जश्न मनाया था। -फाइलतेहरान की सड़कों पर पुरुषों के साथ ईरानी महिलाओं ने भी अपनी देश की जीत का जश्न मनाया था। -फाइल
मोरक्को के खिलाफ मैच के दौरान रूस के सेंट पीटर्सबर्ग स्टेडियम में भी ईरानी प्रशंसक मौजूद थी। -फाइलमोरक्को के खिलाफ मैच के दौरान रूस के सेंट पीटर्सबर्ग स्टेडियम में भी ईरानी प्रशंसक मौजूद थी। -फाइल
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