वर्ल्ड बैंक की टीम ने बारवी और नमहोंग में किया सेब के पौधों का निरीक्षण
आनी| प्रदेश में सेब की पैदावार और गुणवत्ता बढ़ाने की मंशा से वर्ल्ड बैंक द्वारा प्रायोजित बागवानी विभाग के हिमाचल प्रदेश हाई डेंसिटी प्लांटेशन प्रोजेक्ट के तहत वर्ल्ड बैंक की टीम ने आनी के बारवी और नमहोंग क्लस्टर का दौरा किया। जहां उन्होंने प्रोजेक्ट के तहत गत वर्ष लगाए गए सेब की उच्चतम क्वालिटी और वैरायटी के पौधों का निरीक्षण किया। बागवानी विभाग आनी के विषयवाद विशेषज्ञ दीप राम ठाकुर ने बताया कि करीब 1170 करोड़ रुपयों के 7 सालों के इस प्रोजेक्ट के तहत पहले 50 और अब 30 हेक्टेयर भूमि का एक क्लस्टर बनाया गया था। जिसमे पूरे क्लस्टर में कम से कम एक पानी का स्रोत हो , भले ही प्राकृतिक या उठाऊ या फिर अन्य प्रकार का। और आनी के अंतर्गत ऐसे करीब 6 क्लस्टर थे। जिनमें इच्छुक बागवानों को गत वर्ष उच्चतम क्वालिटी के सेब के 50-50 पौधे एक एक बागवान को दिए गए। ये पौधे 3 सालों तक दिए जाने हैं। ये केवल उन्हीं बागवानों को दिए जाएंगे जिन्होंने इच्छा जताई और विभाग के साथ पंजीकरण करवाया।
सबसे बेहतरीन सेब की क्वालिटी के पौधों,जैसे कि जीरोमाइन,गेलगाला, रँगम गाला, सुपरचिफ सहित कई अन्य वैरायटी के पौधों को खरीदकर पंजीकृत बागवानों,जिन्हें गोद लिया गया बागवान भी कहा जाता है, को वितरित किया गया।