तालाब किनारे अतिक्रमण से बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद कार्यकर्ताओं में रोष
देवली मांजी| आवां में बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद के संयुक्त तत्वावधान में रविवार को बैठक आयोजित हुई। इसमें तालाब किनारे हुए अवैध अतिक्रमण का मुद्दा छाया रहा। बैठक में कार्यकर्ताओं ने एक समुदाय के प्रभावी व्यक्ति द्वारा सरकारी तालाब के किनारे तारबंदी करने व आम रास्ता बंद करने आदि समस्याओं पर विचार विमर्श कर उचित समाधान पर चर्चा की।
कार्यकर्ताओं का आरोप है कि अतिक्रमण के चलते जहां जानवरों को पानी पीने में असुविधा हो रही है। वहीं किसानों को खेतों पर आने जाने में परेशानी का सामना भी करना पड़ रहा है। बैठक में विश्व हिन्दू परिषद अध्यक्ष दीपक सोनी, परमेश्वर यादव, भैरू धाभाई, राजेन्द्र सामरिया, गोपी काबरा, बृजमोहन राठौर, छोटू सामरिया, जितेन्द्र सोलंकी, धनराज नागर,बाबूलाल नागर, सीपी दाधीच समेत अन्य ग्रामीण मौजूद थे। आवां ग्राम पंचायत प्रशासन ने इसे गम्भीर मानते हुए जनवरी माह में तहसीलदार को मामले की लिखित शिकायत प्रेषित की थी। इस पर तहसीलदार ने पंचायत सचिव रामेश्वर सुमन को थाने में आशय की रिपोर्ट दर्ज करने के लिए निर्देशित किया गया था। लेकिन तीन माह बाद भी मामले को ठंडे बस्ते में डाल रखा है। प्रशासन की ओर से कार्रवाई नहीं होने से कार्यकर्ता आक्रोशित है । इस मामले को सोमवार को उपखंड अधिकारी को ज्ञापन देकर शीघ्र ही अवैध अतिक्रमण हटाने की गुहार लगाई जावेगी। अगर जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो 20 अप्रैल को कस्बा बंद रखने एवं आगे भी उग्र आंदोलन करने की चेतावनी दी।
देवली मांजी. आवां के सरकारी तालाब पर किया गया अतिक्रमण।