बिलोता गांव में सर्विस लाइन में आग लगने से किसान के छप्परपोश में लाग लग गई। इससे उसमें रखे पाइप सहित घरेलू सामान राख हो गया। ग्रामीणों की सूचना के बावजूद भी बिजली निगम का कोई भी कार्मिक नहीं आने से नाराज ग्रामीणों ने प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस बीच सूचना पर पहुंचे तहसीलदार आमोद माथुर ने ग्रामीणों को समझाइश कर शांत कराया।
गांव में बिजली की सर्विस लाइन पेड़ों की टहनियों के अंदर से गुजर रही है। इस सर्विस लाइन में प्रभावित करंट के कारण सोमवार को पेड़ के पत्ते जलने लगे। इससे पास ही स्थित किसान बाबू लाल मीणा के छप्पर पोश में आग लग गई। आग का पता लगते ही पीड़ित किसान ने शोर मचाया। आग बुझने तक छप्परपोश में रखा अनाज, पानी की टंकी, पाइप सहित घरेलू सामान राख हो गया। इधर, आग लगने की सूचना बिजली निगम व प्रशासनिक अधिकारियों को दी। सूचना के बावजूद भी बिजली निगम का कोई भी कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। ऐसे में ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा तथा विरोध प्रदर्शन करने लगे। इस बीच तहसीलदार आमोद माथुर गांव पहुंचे। कन्हैयालाल मीणा, पप्पू लाल मीणा, मोती लाल मीणा, रामकेश, जसराम, श्योदास, रामप्रसाद आदि ग्रामीणों ने आरोप लगाते हुए बताया कि निगम के कार्मिकों को बिजली बंद करवाने के लिए कई बार फोन किया। मगर किसी ने फोन रिसीव नहीं किया, जिस पर तहसीलदार ने ग्रामीणों को समझाबुझा कर शांत किया तथा निगम के कार्मिकों को मोबाइल से घटना के बारे में बताया। तहसीलदार माथुर ने संबंधित पटवारी को मौका देख कर आवश्यक रिपोर्ट पेश करने के भी निर्देश दिए। ग्रामीणों ने बताया कि बिजली निगम की लापरवाही के चलते क्षेत्र के बिलोता गांव में 10 दिनों से बिजली के बंद उपकरणों में करंट दौड़ रहा है।
दुकान की छत पर रखा था सामान, आग से अफरा-तफरी
टोंक | नौशेमिया के पुल के पास किराने की दुकान की छत पर आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। अग्निशमन वाहन के पहुंचने से पूर्व ही लोगों ने इस पर काबू पा लिया। नौशेमिया पुल क्षेत्र में मूलचंद की किराने की दुकान है। इसकी छत पर रखे सामान में सोमवार की आग लग गई। आरोप है कि सूचना के बावजूद अग्निशमन वाहन समय पर नहीं पहुंचा।
अलीगढ़. बिलौता गांव में प्रदर्शन करते ग्रामीण।