सिंचाई क्षमता बढ़ाने तीसरे चरण का भौतिक सर्वेक्षण 14 से 26 मई तक
भास्कर संवाददाता |अंबिकापुर
जल संसाधन विभाग द्वारा लघु सिंचाई योजनाओं को पूरी सिंचाई क्षमता प्राप्त करने लिए सरगुजा जिले सहित राज्य भर में अभियान चलाया जा रहा है। श्याम बरनई परियोजना मण्डल अम्बिकापुर के अधीक्षण अभियंता ने बताया कि पूरी सिंचाई क्षमता प्राप्त करने हेतु जल संसाधन विभाग द्वारा संपूर्ण प्रक्रिया को पांच चरणों में विभक्त किया गया है, जिनमें प्रथम दो चरणों में मास्टर ट्रेनरों की नियुक्ति व प्रशिक्षण एवं भौतिक सर्वेक्षण हेतु नियुक्त अनुविभागीय अधिकारियों, उप-अभियंताओं का प्रशिक्षण दिया गया। अभियान के तीसरे चरण के तहत भौतिक सर्वेक्षण 14 मई से 26 मई तक किया जायेगा। कार्यक्रम के इस तीसरे चरण में योजनाओं की सिंचाई क्षमता में आयी कमियों का आंकलन कर प्राक्कलन तैयार किया जाएगा, जिसे विभागीय मद, मनरेगा, जिला खनिज न्यास या अन्य मद से मरम्मत का कार्य कर अभिकल्पित सिंचाई क्षमता प्राप्त किया जाएगा। इससे जहॉ स्थानीय किसानों को सिंचाई का पूरा लाभ मिल सकेगा।
अधीक्षण अभियंता ने बताया है कि हसदेव गंगा कछार अंतर्गत कुल 415 निर्मित लघु सिंचाई योजनायें हैं, जिसमें 279 जलाशय, 88 व्यपवर्तन, 44 एनीकट,स्टापडेम एवं 4 उद्धवहन सिंचाई योजना है। इन सिंचाई योजनाओं का सर्वेक्षण कार्य विभाग के 122 अभियंताओं के द्वारा किया जा रहा है। इस सर्वेक्षण में रूपांकित सिंचाई क्षमता में कमी होने के वास्तविक कारणों को ज्ञात करने के लिए आधुनिक तकनीक सहायता ली जाएगी जिसके लिए सभी मैदानी अमलों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया है।