पिछले सात सालों से पंजाब सरकार और पावरकॉम मैनेजमेंट अपने कर्मचारियों की मांगें पूरी नहीं कर रही। इसी को लेकर पावरकॉम के ज्वाइंट फोरम ने कई बार अर्थी फूंक कर रोष जताया और हड़ताल भी की। जिस पर मैनेजमेंट ने मांगें तो मान ली परंतु उन्हेें तुरंत लागू नहीं किया। इसी के रोष स्वरूप ज्वाइंट फोरम के दिशानिर्देशों पर शुक्रवार को सिटी और सब अर्बन सर्किल की सभी डिविजनों में ज्वाइंट फोरम ने सरकार और मैनेजमेंट के खिलाफ रोष धरना देकर पुतला फूंका। हाल गेट सिटी सर्किल में मदन लाल और खंड वाला में नरेश शर्मा की अध्यक्षता में रोष धरना दिया गया। जिसमें संबोधित करते फोरम के सदस्यों ने कहा कि सरकार और मैनेजमेंट ने 10 अप्रैल को बैठक करके मांगें मानने का आश्वासन दिया था परंतु लागू नहीं की। जिससे फोरम में रोष जताया और 18 मई से 12 जून तक लगाकर वर्क टू रूल 8 घंटे काम किया जाएगा। ड्यूटी देने वाला कर्मचारी आठ घंटे पूरे होते ही अपना काम बंद कर देगा। वहीं 13 जून को पटियाला हेड ऑफिस के बाहर राज्य स्तरीय धरना और आखिरी सप्ताह एक दिवसीय हड़ताल की जाएगी, जिसमें अगर कोई अनहोनी घटना होती है तो सरकार और मैनेजमेंट जिम्मेदार होगी। रोष धरने के बाद सरकार का पुतला भी फूंका गया।
इस मौके पर अमनबीर सिंह, प्रेम शीतल, दिलबाग सिंह, निर्मल सिंह, नोनिहाल सिंह, लक्ष्मण दास, कुलविंदर सिंह, राम कुमार, रजिंदर कुमार, सकत्तर सिंह, अजीत सिंह, कृष्ण लाल, रमेश कुमार, मनोज कुमार, कीमती लाल आिद मौज्ूद थे।
आक्रोश
पावरकॉम कर्मचारियों ने मांगें नहीं मानी जाने पर हाल गेट, खंडवाला, वेरका आदि जगह पर जताया रोष
खंडवाला बिजली घर में रोष जताते पावरकॉम कर्मचारी।
कर्मचारियों की ये हैं मांगें
कर्मचारियों ने बताया कि उनकी मुख्य मांगों में सरकार की ओर से 7 साल से पै बैंड जारी करना, मृतक के पारिवारिक के सदस्यों को तरस के आधार पर नौकरी देना, लाइनमैनों को जेई बनाना, सेवादारों को क्लेरिकल स्टाफ में लगाकर अन्य स्टाफ भर्ती करना, डीए की बकाया किश्तें नहीं देना, पे स्केल में संशोधन करना समेत कई मांगें हैं।