खंड के गांव नूनसर की दंपती के खिलाफ राजस्थान के हमीरवास थाने में फर्जी रूप से अस्पताल का संचालन करने और लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने का मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस को दी शिकायत में बीसीएमओ ने बताया कि नूनसर, बहल निवासी डॉ. रमेश यादव उर्फ रमेश यादव की अाेर से चांदगोठी गांव में यादव हॉस्पिटल संचालित किया जा रहा है। जांच में रमेश यादव व उसकी प|ी सुनीता यादव व हरी के पास न तो कोई चिकित्सक की डिग्री और डिप्लोमा आदि मिला। जांच के दौरान अस्पताल में तीन मरीज भर्ती करके उनका इलाज किया जा रहा था। अस्पताल में सुनीता यादव जिसका उपचार पत्र व लेटर हैड पर डॉ. सुनीता यादव लिखा हुआ है। उल्लेखनीय है कि पिछले कई वर्ष से चांदगोठी में अनाधिकृत रूप से यादव हॉस्पीटल चल रहा था जिसकी पोर्टल पर शिकायत होने के बाद विभाग हरकत में आया और बीसीएमओ व औषधि नियंत्रक विभाग चूरू के अधिकारियों ने जांच-पड़ताल करने के बाद इसे सीज कर दिया था।
पहले गांव में चलाता था दुकान, फिर चढ़ा डॉक्टर बनने का शौक
सूत्रों के अनुसार रमेश यादव उर्फ डॉ. रमेश यादव गांव में दुकान चलाते-चलाते मुन्ना भाई बन गया। थोड़े दिनों तक बहल के अस्पताल में काम करने के बाद उसने अपना खुद का अस्पताल खोल लिया और लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने लग गया। उसको कोई रोकने-टोकने वाला नहीं था। रमेश यादव अपने भाई के साथ गांव में दुकान चलाता था और बाद में उसे डॉक्टर बनने का शोक लग गया और बहल के एक प्राइवेट अस्पताल में नौकरी करने लगा। इसके बाद उसने चांदगोठी में यादव हॉस्पिटल एवं मेडिकल स्टोर खोल लिया। रमेश यादव की प|ी सुनिता यादव द्वारा पैरा मेडिकल टेक्नोलॉजी सोसायटी ऑफ डिप्लोमा इन मेडिकल लैबोरेट्री टेक्नोलॉजी जयपुर से डिप्लोमा करना बताया जा रहा है।
बहल. राजस्थान के चांदगोठी गांव में संचालित यादव हॉस्पिटल व मेडिकल स्टोर।