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भैंसबोड़ ओवरब्रिज से जुड़ेगा मेन रोड फाटक पर नहीं करना पड़ेगा इंतजार

3 वर्ष पहले
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जिस गांव ने श्रमदान से सड़क बना दी उसी गांव भैसबोड में बनेगा जिले का पहला ओवरब्रिज। जिले का पहला 50 मीटर ओवरब्रिज भैंसबोड़ व दैहान रेलवे फाटक के बीच में बनेगा। काम शुरू हो चुका है। काम पूरा होने के बाद इसे बालोद-दल्लीराजहरा मुख्य मार्ग से जोड़ा जाएगा। इसके लिए डेढ़ किलोमीटर पक्की सड़क भी बनाई जाएगी। फिर इसी ओवरब्रिज को भविष्य में तरौद बायपास से जोड़ा जाएगा। जो अभी दैहान तक बनना प्रस्तावित है। इसके लिए विभागीय कार्रवाई चल रही है।

यह ओवरब्रिज फायदेमंद साबित होगा। पहला फायदा तो यह होगा कि वनांचल के अधिकांश गांव मुख्य मार्ग से जुड़ जाएंगे फिर जिला व ब्लाक मुख्यालय आने की राह आसानी होगी। वहीं दूसरा फायदा यह होगा कि रेलवे फाटक हमेशा के लिए बंद हो जाएगा। जिससे हादसे नहीं होंगे। ट्रेन ओवरब्रिज के नीचे से गुजरेगा। यह भैंसबोड़ वहीं गांव है, जहां के ग्रामीणों ने श्रमदान से सड़क बनाई फिर यात्री ट्रेन रुकना शुरू हुआ। रेलवे विभाग खुद अब यहां विकास कार्य कराना चाह रहे हैं।

रेलवे फाटक में हादसे का खतरा रहता है। इसी को ध्यान में रखकर ही ओवरब्रिज बनाया जा रहा है। काम पूरा होने के बाद रेलवे फाटक बंद हो जाएंगे। जिससे हादसे नहीं होंगे। 15 साल पहले भैंसबोड़ रेलवे फाटक में ट्रेन और मेटाडोर की टक्कर होने से 3 लोगों की मौत हुई थी।

भैसबोड़ व दैहान फाटक के बीच बन रहा ब्रिज, भविष्य में जुड़ेगा तरौद बायपास से

बालोद. ओवरब्रिज बनने के बाद ट्रेन नीचे से गुजरेगा।

कुसुमकसा नहीं जाना पड़ेगा: इस ओवरब्रिज से होकर राजनांदगांव भी जा सकेंगे आप

बालोद के लोग डौंडीलोहारा से होकर राजनांदगांव पहुंचते है। ओवरब्रिज बनेगा तो इसी से होकर बखलीटोला में पहुंचेंगे। फिर यहां से राजनांदगांव जाने में आसानी होगी। बखलीटोला में नांदगांव के अलावा अंबागढ़ चौकी जाने मुख्य मार्ग है। भैसबोड़ मोड़ से कुसुमकसा की दूरी 10 किमी है, फिर यहां से बखलीटोला की दूरी 8 किलोमीटर है। ऐसे में 18 किलोमीटर घूमने की जरुरत नहीं पड़ेगी। कुसुमकसा और लोहारा के बीच जितने गांव आएंगे, उनको फायदा होगा जब-ओवरब्रिज बनने के बाद कुसुमकसा और लोहारा के बीच जितने गांव आते है, वहां के लोगों को जिला मुख्यालय आने में आसानी होगी।

बायपास से जुड़ेगा तो और फायदे होंगे

नेशनल विभाग के एसडीओ बी. केरकेट्‌टा ने बताया कि तरौद से दैहान तक बायपास बनना प्रस्तावित है। अभी भैंसबोड़ में आेवरब्रिज निर्माणाधीन है। अगर बायपास से जुड़ेगा तो लोगों को फायदे होंगे। देखते है भविष्य में जोड़ने की प्लानिंग करेंगे। ओवरब्रिज बनाने अनुमानित पांच करोड़ रुपए की लागत आएगी।

300 मीटर पक्की सड़क बनाने की मांग उठी

स्टीमेट अनुसार डेढ़ किलोमीटर सड़क बनना प्रस्तावित है। वहीं ग्राम पंचायत भैंसबोड़ के लोग मांग कर रहे हैं कि वन विभाग की 300 मीटर आ रही है, इसे अधिग्रहित कर उसी जमीन का उपयोग कर पक्की सड़क बनाएं तो और फायदा होगा। घूमने की नौबत नहीं आएगी। वन विभाग अगर जमीन उपलब्ध करा देती है तो डेढ़ किलोमीटर घूमना नहीं पड़ेगा।

यह सड़क बालोद-दल्लीराजहरा मुख्य मार्ग से जुड़ेगा।

30 से अधिक गांवों को सुविधा, दूरी होगी कम

भैसबोड़, गैंजी, बखलीटोला, सहगांव सुवरबोड़, बनगांव, गिधाली, मरकामटोला, झरनटोला,पोखलाटोला, जाटादाह, पिंगाल, बघमार,किल्लेकोड़ा, खोलझर, भिंदो, साल्हेटोला, मरईटोला, रुपुटोला, भंवरमरा, माटरी, दैहान सहित 30 से अधिक गांव के लोगों को सुविधा मिलेगी।

काम चल रहा है, इस साल मिलेगा लाभ: ठाकुर

सरपंच घनाराम ठाकुर ने बताया कि ओवरब्रिज बनाने का काम चल रहा है। डेढ़ किलोमीटर सड़क बनना प्रस्तावित है। हमारे गांव के पास में ही 300 मीटर जमीन वन विभाग की आ रही है। अगर इस जमीन को वन विभाग उपलब्ध करा देती है तो सफर आसान हो जाएगा। ठेकेदार कह रहे हैं कि वन विभाग की जमीन को उपलब्ध करा दे तो सड़क बना देंगे।

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