बैसाखी पर शुरू हुई बंगा की अनाज मंडी में गेहूं की आमद
बंगा सिटी| स्थानीय बंगा दाना मंडी में बैसाखी के मौके पर गेहूं की आमद शुरू हो गई है। गेहूं की पहली ट्राली बंगा मंडी में गिरते ही मंडी के सभी आढ़तियों के चेहरों पर मुस्कान साफ दिखाई दे रही थी। पिछले साल बंगा मंडी में तकरीबन 240000 क्विंटल गेहूं आई थी। इस साल पिछले आंकड़े को क्रॉस करने की पूरी पूरी उम्मीद जताई जा रही है। उधर पनग्रेन इंस्पेक्टर अमरीक ने बताया कि मंडियों की परचेज की एजेंसीज बना ली हैं मगर अभी उसके तहत जो शर्तें सरकार की तरफ से आई हैं। कनक के रंग कनक की नमी को देखने के लिए उसी के चलते अभी परचेज एजेंसीज को नहीं बताया गया है। उन्होंने बताया कि बंगा सेंटर में प्लैंथ की प्रॉब्लम चल रही है एक प्लैंथ मालिक से बात हुई है पर किसी से सरकारी कॉन्ट्रैक्ट साइन नहीं हुआ है। उधर प्लैंथ के मालिकों ने बताया कि सरकार ने हमसे अप्रोच की थी मगर उनकी पॉलिसी ठीक नहीं है। प्लैंथ का किराया एक्चुअल यूटिलाइजेशन के बेस पर मिलने की पालिसी सही नहीं। सरबजीत सिंह बेदी ने कहा कि 3 साल का किराया भी अभी तक मुझे नहीं मिला। कैपेसिटी बेस पर प्लैंथ को किराए पर देने के लिए हम तैयार हैं मगर एक्चुअल यूटिलाइजेशन पर प्लैंथ को किराए पर देना हमारे लिए संभव नहीं है।