बानो | अपने पिता से डांट मिलने पर घर से निकली बेटी दस दिनों बाद वापस अपने परिवार से मिली। बताया गया कि जराकेल बगीचाटोली निवासी सामू सिंदूरिया की बेटी फूलो सिंदूरिया मोबाइल देख रही थी। पिता ने उसे डांटा इसपर वह नाराज होकर घर से निकल गई। रेलवे लाइन के किनारे चलती हुई वह महाबुआंग और उसके बाद सिकोरदा गांव पहुंच गई। सिकोरदा में वह एक पेड़ के नीचे बैठकर रो रही थी। वहां के पोस्टमास्टर ने उसे पनाह दिया और उससे उसका नाम पता पूछा लेकिन लड़की नहीं बता सकी। सामू सिंदूरिया परिवार के साथ गुजरात में रहकर मजदूरी करता है। एक माह पूर्व ही वह परिवार के साथ यहां आया है। लड़की यहां की भाषा समझ नहीं पा रही थी। इधर सामू सिंदूरिया ने थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पोस्टमास्टर शिशुपाल ने बानो आकर लोगों को बताया कि एक लड़की को उसने शरण दिया है वह अपना पता नहीं बता पा रही है। जानकारी पर सामू के परिवार वाले सिकोरदा पहुंचे।