स्वार्थ के लिए सरना पाहन-पुजारों को पगड़ी पहना रही मिशनरी
प्रखंड की डुमरिया पंचायत अंतर्गत बिरंगा टोली में बुधवार को आयोजित सरना सनातन सम्मेलन में कई बिंदुओं पर गंभीरता पूर्वक विमर्श करते हुए कई निर्णय लिए गए। वक्ताओं ने ईसाई मिशनरियों द्वारा सरना के पाहन पुजारों को पगड़ी पहनाने के मामले में विमर्श किया। कहा कि मिशनरियाें द्वारा स्वार्थ के कारण पाहन पुजारों को पगड़ी पहनाई जा रही है। सरना स्थलाें को मिशनरियों के अधीन करने की काेशिश की जा रही है।
रतन सिंह ने कहा कि डुमरिया क्षेत्र में मिशनरियों द्वारा पाहनों काे यह कहकर भड़काया जा रहा है कि सरकार क्षेत्र में हाथियों को पालना चाहती है। इससे सभी को अपना घर छोड़कर भागना पड़ेगा। पाहनों से कहा जा रहा है कि वे अपने सरना स्थल पर पत्थलगड़ी करें। इसी क्रम में पाहनों को पगड़ी बांधकर सम्मानित करने की बात कही जा रही है। बैठक में सरना सनातन धर्मावलंबियों ने एकजुट होकर मिशनरियों की इस कोशिश का कड़ा विरोध करने का निर्णय लिया। सभी ने कहा कि पाहनाें को मिशनरियों द्वारा पगड़ी पहनाए जाने का कोई तुक ही नहीं है। यह सरना स्थलों को मिशनरियों के कब्जे में लाने का प्रयास है। मिशनरी संस्थाएं अपना स्वार्थ सिद्ध करना चाहती हैं। सम्मेलन का संचालन दिनेश सिंह ने किया। इस मौके पर राजेश पाहन, विजय पाहन, एतवा पाहन, अमृत पाहन, हिंदू जागरण मंच के कार्यकर्ता राजेश बड़ाईक, शिवशरण सिंह, सोकड़ो सिंह, बाल किशोर सिंह, रंजीत साहू, रामप्रसाद सिंह, भरत सिंह, विष्णुदयाल सिंह, जगेश्वर सिंह समेत काफी संख्या में महिला-पुरुष उपस्थित थे।